

छठ पर्व की शुरुआत इस वर्ष 25 अक्टूबर 2025 से होगी। छठ का पावन पर्व कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि से शुरू होता है।
Image Source : Unsplashवहीं छठ पर्व का समापन कार्तिक शुक्ल सप्तमी के दिन होता है। छठ पर्व के पहले दिन को नहाय-खाय के रूप में जाना जाता है।
Image Source : Unsplashछठ व्रत के पहले दिन व्रत का संकल्प भी लिया जाता है और सुबह के समय व्रत भोजन भी ग्रहण करते हैं।
Image Source : Unsplashइस दौरान व्रत करने वालों को व्रत के संकल्प के दौरान मंत्र का जप भी अवश्य करना चाहिए। इस दिन किए जाने वाले मंत्र के बारे में आइए जानते हैं।
Image Source : Unsplashछठ पर्व के पहले दिन व्रत का संकल्प लेते समय आपको- 'ॐ अद्य अमुकगोत्रोअमुकनामाहं मम सर्व, पापनक्षयपूर्वकशरीरारोग्यार्थ श्री सूर्यनारायणदेवप्रसन्नार्थ श्री सूर्यषष्ठीव्रत करिष्ये।' मंत्र का जप करना चाहिए।
Image Source : Unsplashअमुकगोत्रोअमुकनामा वाले स्थान पर आपको अपने गोत्र और नाम का उच्चारण मंत्र जप के दौरान करना चाहिए।
Image Source : Unsplashव्रत की शुरुआत में मंत्र के साथ व्रत का संकल्प लेने से शुभ फलों की प्राप्ति व्रत लेने वालों को प्राप्त होती है।
Image Source : Unsplashइस मंत्र के जरिए आप सूर्य देव से आवाह्न करते हैं कि वो आपके व्रत को सफल बनाएं आपके पापों का नाश करें और रोग मुक्त काया आपको प्रदान करें।
Image Source : FreepikNext : Rudraksh Se Jude Niyam: इस तरह का रुद्राक्ष कभी न पहनें, लाभ की जगह हो जाएगी हानि