

धार्मिक ग्रंथों के अनुसार जब कान्हा जी का जन्म हुआ था तो उस रात भी भयंकर बारिश आयी थी।
Image Source : Socialकंस से कान्हा जी को बचाने के लिए नन्हें कान्हा को जब वासुदेव जी नंद गांव ले जा रहे थे तो यमुना का जलस्तर भी अचानक बढ़ गया था।
Image Source : Socialलेकिन कान्हा जी की रक्षा के लिए यमुना ने वासुदेव को रास्ता दिया था और कान्हा सुरक्षित नंद गांव पहुंच गए थे।
Image Source : socialऐसे में सवाल उठता है कि अगर जन्माष्टमी के दिन कान्हा जी के जन्म के समय बारिश होती है तो इसका क्या अर्थ होता है।
Image Source : Fileधार्मिक मान्यताओं के अनुसार अगर जन्माष्टमी के दिन मध्यरात्रि में बारिश आती है तो इसे शुभ संकेत माना जाता है।
Image Source : Fileजन्माष्टमी की रात्रि में बारिश का होना समृद्धि और सुख का प्रतीक माना जाता है।
Image Source : Socialकुछ लोक मान्यताओं के अनुसार भगवान कृष्ण को पहनाए जाने वाले वस्त्रों को धोने के लिए जन्माष्टमी की रात्रि में वर्षा होती है।
Image Source : Socialइस मान्यता को इसलिए भी बल मिलता है कि, अक्सर हर जन्माष्टमी पर किसी न किसी समय बारिश हो ही जाती है।
Image Source : Socialकुल मिलाकर देखा जाए तो जन्माष्टमी की रात्रि में अगर बारिश होती है तो ये शुभता का प्रतीक होता है। ऐसा होने पर कृष्ण भक्तों को शुभ परिणाम प्राप्त हो सकते हैं।
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