

सबसे ऊंचे पहाड़ का जब भी जिक्र होता है तो माऊंट एवरेस्ट का नाम सबसे ऊपर आता है।
Image Source : Pexelsलेकिन वैज्ञानिकों का मानना थोड़ा अलग है। दरअसल टेक्टोनिक प्लेट्स के टकराने से धरती का एक हिस्सा ऊपर आता है और दूसरा हिस्सा नीचे जाता है।
Image Source : Pexelsऐसे में एक पहाड़ का निर्माम होता है। टक्कर की तीव्रता, क्रस्ट का तापमान मोटाई जैसे अन्य चीजें पहाड़ को बनाने में मदद करती हैं।
Image Source : Pexelsअबरदीन यूनिवर्सिटी के जियोलॉजिस्ट रॉब बटलर का कहना है कि इरोजन की वजह से केवल माउंट एवरेस्ट ही नहीं बल्कि कई पहाड़ों की ऊंचाई बढ़ती है।
Image Source : Pexelsअगर अपलिफ्ट रेट ज्यादा है तो पहाड़ ज्यादा ऊपर उठेगा। इरोजन ज्यादा हो तो पहाड़ नीचे धंसेगा।
Image Source : pexelsअब ऐसा कहा जा रहा है कि दुनिया का नौवां सबसे ऊंचा पर्वत और एवरेस्ट का पड़ोसी पहाड़ नंगा पर्वत बहुत तेजी से बढ़ रहा है। एक वक्त बाद यह पर्वत एवरेस्ट से भी ऊंचा हो जाएगा।
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