करीब 9 करोड़ से भी ज्यादा किसानों को उनकी 21 किस्त की राशि सीधे उनके खाते में ट्रांसफर कर दी गई है। इससे उन्हें राहत महसूस होगी।
पीएम-किसान योजना के लिए अगर आपका ई-केवाईसी पेंडिंग है, तो इसका मतलब ये हुआ कि आपकी पहचान का वैरिफिकेशन पूरा नहीं हुआ है।
अगर आप वैसे किसान हैं जिसने 20वीं किस्त से आधिकारिक पोर्टल पर अपनी ई-केवाईसी और पंजीकरण प्रक्रिया पूरी कर ली है, उन्हें केंद्र सरकार की इस कल्याणकारी योजना के तहत धनराशि मिलने की उम्मीद है।
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने बताया कि पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के 27 लाख से ज्यादा किसानों को 540 करोड़ रुपये से ज्यादा रुपये ट्रांसफर किए गए हैं, जिनमें 2.7 लाख महिला किसान भी शामिल हैं।
कृषि मंत्रालय ने बताया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम किसान) योजना के तहत सभी पात्र किसानों को 20वीं किस्त के पैसे अगले महीने दिए जाएंगे।
भारत सरकार पूरे देश के पात्र किसानों को हर साल 6000 रुपये की आर्थिक मदद करती है। किसानों को ये 6000 रुपये प्रत्येक 4 महीने पर 2000 2000 रुपये की 3 किस्तों के रूप में दिए जाते हैं।
मध्य प्रदेश में प्रदूषण को रोकने के लिए सरकार ने बड़ा फैसला किया है। अब किसी किसान ने पराली जलाई तो उसे किसान सम्मान निधि की वित्तीय मदद और फसल पर MSP की खरीद भी नहीं मिलेगी।
मंत्रालय द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, देशभर में अभी तक अपात्र किसानों से 416 करोड़ रुपये की राशि वसूल की जा चुकी है। 12वीं से 15वीं किस्त तक भूमि बीजारोपण, आधार-आधारित भुगतान और ई-केवाईसी को अनिवार्य बना दिया गया है।
लोकसभा में मंगलवार को उस वक्त एक रोचक स्थिति पैदा हो गई डीएमके सांसद ने पीएम किसान सम्मान निधि का मामला उठाया। इस पर कृषि केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने जो जवाब दिया वह सुनने लायक था।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि स्कीम को सरकार द्वारा कृषक समुदाय की आय बढ़ाने के प्रयास के तहत शुरू किया गया है। इस योजना के तहत प्रत्येक लाभार्थी को हर चार महीने में 2,000 रुपये की तीन बराबर किस्तों में 6,000 रुपये का वार्षिक लाभ मिलता है।
कृषि राज्य मंत्री राम नाथ ठाकुर ने राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में जानकारी देते हुए बताया कि बेनिफिशियरी के रजिस्ट्रेशन और वेरिफिकेश में पूरी पारदर्शिता बनाए रखते हुए, भारत सरकार ने शुरुआत से अब तक 18 किस्तों में 3.46 लाख करोड़ रुपये से अधिक का डिस्ट्रीब्यूशन किया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज मुंबई में अंडरग्राउंड मेट्रो को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके साथ ही वह पीएम-किसान सम्मान निधि की 18वीं किस्त भी आज जारी करने वाले हैं।
अप्लाई करने से पहले आपके पास आधार कार्ड, भूमि स्वामित्व पत्र और सेविंग बैंक अकाउंट होना चाहिए। मजबूत आर्थिक स्टेटस वाले कुछ खास कैटेगरी के लाभार्थी प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के फायदे के लिए पात्र नहीं होते हैं।
प्रधानमंत्री की शपथ लेने के बाद पीएम मोदी ने सबसे पहले किसानों के हित में फैसला किया है। पीएम ने किसानों के लिए पीएम किसान सम्मान निधि की 17वीं किस्त जारी की है।
पीएम-किसान योजना 2 फरवरी, 2019 को शुरू की गई थी। स्कीम में एडवांस डिजिटल टेक्नोलॉजी का इल्तेमाल करके प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के जरिये लाभ सीधे पात्र लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाता है।
पीएम किसान के तहत देशभर के पात्र किसानों को ₹6,000 सालाना दिया जाता है, जो ₹2,000 प्रत्येक की तीन किस्तों में वितरित किया जाता है। 15वीं किस्त 15 नवंबर को प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा वितरित की गई थी।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के पैसे वितरण में करोड़ों की गड़बड़ी का मामला सामने आया है। दरअसल, जहानाबाद में 1321 ऐसे फर्जी किसानों को योजना की राशि वितरित कर दी गई जो इस योजना के पात्र नहीं थे।
पीएम किसान योजना 1 दिसंबर 2018 से लागू हुई थी। इसे किसानों के लिए उनकी कृषि जरूरतों को पूरा करने के लिए लाई गई है। स्कीम के तहत सभी भूमि धारक किसानों को उनके बैंक खातों में सालाना 6,000 रुपये की राशि मिलती है।
PM Kisan Yojana: पीएम किसान योजना की 15वीं किस्त आने की तारीख का ऐलान सरकार ने कर दिया है। 15 नवंबर को 15वीं किस्त के दो हजार रुपये किसानों के बैंक खाते में आएंगे।
एक सरकारी अधिकारी के मुताबिक, पीएम किसान सम्मान निधि की राशि में बढ़ोतरी का प्रस्ताव प्रधानमंत्री कार्यालय के सामने रखा जा चुका है।
संपादक की पसंद
लेटेस्ट न्यूज़