Kasba Assembly Election 2025: बिहार की राजनीति में सियासी पारा चढ़ गया है। राज्य में आगामी विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान हो गया है, जिसके मद्देनजर सभी राजनीतिक दल सक्रिय हो गए हैं। मतदाताओं को अपने पाले में लाने के लिए आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी तेज हो गया है। इस बार के चुनाव में दो अन्य सियासी पार्टियां प्रशांत किशोर की नवगठित पार्टी 'जन सुराज' और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की 'आम आदमी पार्टी' (AAP) भी अपनी किस्मत आजमाती नजर आएंगी। ऐसे में बिहार की 243 विधानसभा सीटों में से कस्बा विधानसभा क्षेत्र की बात की जाए, तो यह पूर्णिया जिले में आता है। इस सीट पर पिछले तीन बार से कांग्रेस जीत रही है। यहां पर दूसरे चरण में 11 नवंबर को वोटिंग होगी।
क्या रहे पिछले चुनाव के नतीजे?
2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में कस्बा सीट से कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार मो. अफाक आलम (77,410 वोट) ने लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की थी, जबकि लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के प्रत्याशी प्रदीप कुमार दास को हार का सामना करना पड़ा था, जिन्हें 60,132 वोट मिले थे। मो. अफाक आलम ने प्रदीप कुमार दास को 17,278 वोटों के बड़े अंतर से हराया था।
चुनाव मैदान में थे 13 उम्मीदवार
- मोहम्मद अफाक आलम- कांग्रेस- विजेता
- प्रदीप कुमार दास- LJP
- बमबाम साह- सर्व जन पार्टी (भारत)
- हयात अशरफ- द प्लुरल्स पार्टी
- कुमार साहेब- सत्य बहुमत पार्टी
- मनोज महतो- एंटी करप्शन डायनामिक पार्टी
- मो. इत्तेफाक आलम- निर्दलीय
- मो. शाहबाज आलम- AIMIM
- मोहम्मद नूरुल हक- SDPI
- प्रधान कुमार सिंह- राष्ट्रीय जनशक्ति पार्टी (धर्मनिरपेक्ष)
- राजेंद्र यादव- HAMS
- संतोष कुमार- RJD
- शक्ति नाथ यादव- राइट टू रिकॉल पार्टी
इस सीट पर मतदाता
2020 के बिहार विधानसभा चुनाव के अनुसार, कस्बा विधानसभा सीट पर कुल मतदाताओं की संख्या 3,11,857 है। इनमें पुरुष मतदाता 1,60,948 और महिलाओं की तादाद 1,50,899 है।
कस्बा सीट का सियासी समीकरण
बिहार की कस्बा विधानसभा सीट पर कांग्रेस का दबदबा रहा है। कांग्रेस इस सीट पर अन्य पार्टियों के मुकाबले सबसे ज्यादा 9 बार जीती है। वहीं, इस सीट पर भारतीय जनता पार्टी को पहली बार 1995 के विधानसभा चुनाव में जीत मिली। इसके बाद बीजेपी 2000 और अक्टूबर 2005 के चुनाव में भी इस सीट पर विजयी रही थी। जनता दल और समाजवादी पार्टी ने एक-एक बार यहां से चुनाव जीता है।
मोहम्मद अफाक आलम का दबदबा
2010 के बिहार विधानसभा चुनाव में मोहम्मद अफाक आलम ने कांग्रेस के टिकट पर चुनाव जीता। 2015 में उन्होंने फिर से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा और बीजेपी के प्रदीप कुमार दास को भारी मतों के अंतर से हराया। इसके बाद, 2020 के बिहार चुनाव में उन्होंने लगातार तीसरी बार इस सीट पर जीत हासिल की। उन्होंने लोक जनशक्ति पार्टी (एलजेपी) के प्रदीप कुमार दास को 17,278 मतों के अंतर से हराकर अपनी जीत की हैट्रिक लगाई।