नई दिल्ली: भारतीय डाक विभाग अपने खर्च व मानवीय श्रम में कटौती के प्रयासों के तहत पोस्टकार्ड जैसी गैर पंजीकृत चिट्ठी पत्रियों को अब ईमेल के जरिए भेजने पर विचार कर सकता है। विभाग इस प्रस्ताव की व्यावहार्यता जांचेगा।
इसके तहत पोस्टकार्ड जैसी डाक अपने मूल स्वरूप में गंतव्य तक नहीं पहुंचेगी बल्कि उसकी स्कैन की गई प्रति का प्रिंट पाने वाले को दिया जाएगा। इससे डाक विभाग का ऐसी डाक को पैक करने, उन्हें गंतव्य तक पहुंचाने और फिर बांटने का खर्च व श्रमबल बच जाएगा। विभाग ने एक संसदीय समिति (आईटी) को एक कार्यबल की सिफारिशों का हवाला देते हुए यह जानकारी दी है। इसमें विभाग ने कहा है, डाक विभाग शीघ्र ही गैर पंजीकृत डाक को उसे मूल रूप में एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने के बजाए, ईमेल के जरिए ट्रांसमिट करने की व्यावहार्यता के लिए विस्तृत अध्ययन करवा सकता है। भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर की अध्यक्षता वाली समिति ने अपनी रिपोर्ट आज लोकसभा में पेश की।