छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले में खौफनाक हत्या का खुलासा हुआ है। संपत्ति हड़पने के इरादे से छोटे भाई ने सुपारी देकर बड़े भाई की हत्या करवा दी। मृतक का नाम दामोदर सिंह है, जो रिटायर्ड शिक्षा अधिकारी थे। दामोदर सिंह के पास करोड़ों की प्रॉपटी और 30 तोला सोना था, जिसे उनका छोटा भाई हड़पना चाहता था। इसके लिए उसने प्लानिंग की और गांव के ही एक युवक को 10 लाख रुपये और 50 डिसमिल जमीन देने का लालच दिया और डील पक्की कर ली। इसके लिए उसने चार लाख रुपये एडवांस भी दे दिए थे।
फर्जी नोटरी तैयार कर दिया धोखा
आरोपियों ने एक फर्जी नोटरी तैयार करवाया, जिसमें यह दिखाया गया कि दामोदर अपनी संपत्ति भाइयों और भतीजों को बेच रहे हैं और अपने बेटे से कोई संबंध नहीं रखना चाहते। 21 मार्च को प्लानिंग के तहत छोटे भाई रणजीत ने अपने भाई दामोदर को दुर्गा पूजा के बहाने बुलाया और रास्ते में मनोहरपुर के सुनसान इलाके में संजय यादव और उसके साथियों ने दामोदर की गाड़ी रोककर गमछे से गला घोंटकर उनकी हत्या कर दी। शव को ठिकाने लगाने के लिए उसे कार में ले गए और फिर शव को नदी के पास गड्डा खोदकर रेत में दफना दिया।
संपत्ति के विवाद के कारण हो गई हत्या
पुलिस ने खुलासा किया जिसमें पता चला कि वारदात में 15 लोग शामिल थे। 21 मार्च को दामोदर को बुलाकर गमछे से उसका गला घोंटा गया, लाश घटनास्थल से 60km दूर जंगल ले जाकर रेत में दफनाया गया, फिर मोबाइल नदी में बहा दिया था। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दामोदर सिंह राजपूत शिक्षा विभाग में लेखा अधिकारी थे, जो रिटायर होने के बाद मुंगेली में किराए के मकान में रह रहे थे। जांच में सामने आया कि दामोदर सिंह का अपने इकलौते बेटे संजय राजपूत के साथ संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था। इसी पारिवारिक कलह का फायदा उठाकर उनकी हत्या कर दी गई।