AI की रेस में पिछले कुछ महीनों में चीन ने अपना दबदबा कायम किया है। इस रेस की शुरुआत अमेरिकी टेक कंपनियों ने की थी। हालांकि, पिछले कुछ महीने में चीनी एआई मॉडल्स दुनियाभर में काफी पसंद किए जा रहे हैं। OpenAI, Google Gemini, Grok AI जैसे मॉडल्स अमेरिकी टेक कंपनियों ने तैयार किए हैं, जिन्हें सबसे ज्यादा ग्लोबली यूज किए जाते हैं। DeepSeek के आने के बाद से एआई की रेस में दिलचस्प बदलाव देखने को मिला है। पिछले 14 महीने में एआई का गेम पूरी तरह से बदल गया है।
हाल में आई एक रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया में इस्तेमाल किए जाने वाले टॉप-50 एआई मॉडल्स में से 40 प्रतिशत मॉडल्स चीन में बने हैं। यही नहीं, एआई के लिए हर महीने कंज्यूम किए जाने वाले टोकन्स के मामले में चीनी एआई मॉडल्स ने अमेरिकी एआई मॉडल्स को काफी पीछे छोड़ दिया है। Apollo Global Management की लेटेस्ट रिपोर्ट के मुताबिक, दुनियाभर में इस्तेमाल किए जाने वाले टॉप-50 मॉडल में से 20 मॉडल चीन के हैं, जबकि अमेरिकी मॉडल्स की संख्यां 33 से घटकर 28 पर पहुंच गई है।
कैसे पलटा गेम?
बता दें कि साल 2025 की शुरुआत में दुनियाभर में इस्तेमाल किए जाने वाले टॉप-50 एआई मॉडल में से चीन के केवल 5 मॉडल ही थे। पिछले साल जनवरी से इस साल मई यानी पिछले लगभग 14 महीने में टॉप-50 एआई मॉडल में से चीनी मॉडल्स की संख्यां बढ़कर 20 तक पहुंच गई है।
Image Source : Unsplashचीनी एआई मॉडल
आसान भाषा में कहा जाए तो चीनी एआई मॉडल ने 10 प्रतिशत से 40 प्रतिशत का सफर महज कुछ महीने में पूरा कर लिया है। इस रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी मॉडल्स की संख्यां में लगातार गिरावट देखने को मिली है। टॉप-50 एआई मॉडल्स में अमेरिकी मॉडल्स की संख्यां 33 से घटकर 28 तक पहुंच गई है।
टोकन्स में पिछड़ा अमेरिका
एआई मॉडल किसी काम को करने के लिए टोकन यूज करते हैं। बिना टोकन प्रोसेस किए एआई का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है। टोकन प्रोसेस करने के मामले में भी चीन ने अमेरिका को काफी पीछे छोड़ दिया है। दुनियाभर में चीनी एआई मॉडल्स का जमकर इस्तेमाल किय जा रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक, चीन के टॉप-20 एआई मॉडल्स ने जून के महीने में 98 ट्रिलियन यानी 98 लाख करोड़ टोकन प्रोसेस किए हैं। वहीं, अमेरिकी एआई मॉडल्स ने केवल 53 ट्रिलियन यानी 53 लाख करोड़ टोकन ही प्रोसेस किए हैं। मई से जून के बीच चीनी एआई मॉडल्स के टोकन में 113 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है। अमेरिकी एआई मॉडल्स के टोकन में महज 43% का इजाफा हुआ है।
क्यों पसंद आ रहे चीनी एआई मॉडल?
चीनी एआई मॉडल्स अमेरिकी कंपनियों के एआई मॉडल्स के मुकाबले सस्ते होते हैं। इसका सबसे बड़ा उदाहरण DeepSeek AI है, जो बेहद कम खर्च में ही तैयार हुआ है। यह एआई मॉडल अमेरिकी कंपनियों के लार्ज लैंग्वेज मॉडल्स के मुकाबले लगभग 25 प्रतिशत की लागत में तैयार हुआ है।
Image Source : Anthropicएंथ्रोपिक
इसके अलावा अमेरिका और चीन के बात लगातार एआई सेक्टर में कम्पिटिशन बढ़ रहा है। ट्रेड वॉर की वजह से ये दोनों देश तकनीक साझा नहीं कर रहे हैं। हाल ही में अमेरिकी टेक कंपनी Anthropic ने अपने Mythos 5 और Fabel 5 जैसे एआई मॉडल को चीनी कंपनियों से दूर रखा है।
वहीं, चीनी कंपनी अलीबाबा ने भी पिछले दिनों सुरक्षा में सेंध के खतरों का हवाला देते हुए एंथ्रोपिक के एजेंटिक एआई Claude के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया है। उन्हें इसके वैकल्पिक क्लोडर टूल इस्तेमाल करने की सलाह दी गई। इन सब के अलावा अमेरिकी कंपनियां लगातार चीनी कंपनियों पर एआई मॉडल की चोरी का आरोप लगा रही हैं।
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