Fact Check: सोशल मीडिया पर आए दिन कोई न कोई वीडियो या फोटो वायरल होती रहती हैं। इन पोस्ट में तरह-तरह के दावे किए जाते हैं। इनमें से कई का तो सच्चाई से दूर-दर तक कोई नाता नहीं होता। या यूं कहें कि पोस्ट और वीडियो को गलत या भ्रामक दावे से वायरल किया जाता है। इंडिया टीवी की फैक्ट चेक टीम ऐसे ही दावों की सत्यता की जांच करती है।
क्या हो रहा वायरल?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक वीडियो वायरल है, जिसमें दावा किया गया है कि जयपुर SIR प्रक्रिया में टारगेट कर लोगों के नाम काटे जा रहे हैं, कारण पूछने पर झूठ बोला जा रहा है। इस वीडियो को X पर @INCIndia हैंडल से शेयर किया गया है। किए गए पोस्ट में लिखा है, "ये है SIR का खेल। जयपुर में BLO न वोटर के घर गईं, न फॉर्म दिया, फिर भी वोटर और उसके परिवार का नाम वोटर लिस्ट से काट दिया। SIR में टारगेट कर लोगों के नाम काटे जा रहे हैं। कारण पूछने पर झूठ बोला जा रहा है। वोट का अधिकार छीनना संविधान पर हमला है- ये बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।"
'SIR के नाम पर नंगा नाच चल रहा है, लोकतंत्र को ख़त्म करने का', इस कोट के साथ एक एक्स हैंडल @clyadavinc से भी इसे शेयर किया गया है। इस पोस्ट को और भी हैंडल्स से शेयर किया गया है।
कैसे पता लगी सच्चाई?
एक्स पर शेयर किए गए वीडियो का जब फैक्ट चेक किया गया तब सामने आया कि इसमें किए गए दावे भ्रामक हैं। इस गहन पड़तान के दौरान हमें जिला कलेक्टर एवं मजिस्ट्रेट, जयपुर का एक्स पर एक पोस्ट मिला। इस पोस्ट में लिखे बिंदु निम्नवत हैं।
- गणना प्रपत्र भरने की प्रक्रिया 4 दिसंबर 2025 तक जारी रहने वाली है।
- बीएलओ द्वारा दो बार विजिट करने पर कुछ लोग अनुपस्थित पाए गए। अभी उक्त ब्लो की एक विजिट बाकी हैं।
- अगर आखिरी विजिट में अनुपस्थित रहे मतदाता मिल जाते हैं तो उन्हें गणना प्रपत्र देकर भरवा लिए जाएंगे।
- 9 दिसंबर 2025 को जारी होने वाली ड्राफ्ट मतदाता सूची में किसी कारण से शामिल न होने वाले मतदाताओं को नोटिस देकर निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा सुनवाई का मौका देने के बाद ही नाम जोड़ने या हटाने की प्रक्रिया की जाएगी, जो 9 दिसंबर से 8 जनवरी 2026 तक रहेगी।
- गणना प्रपत्र ऑनलाइन भरकर जमा करवाने का विकल्प सभी मतदाताओं के लिए खुला है।
इससे यह साबित होता है कि वायरल वीडियो में किए गए दावे भ्रामक हैं। ऐसे में लोगों को सलाह दी जाती है कि वे सभी झूठी और भ्रामक जानकारी से सावधान रहे और ऐसी गलत सूचनाओं पर ध्यान न दें। साथ ही जनसामान्य के मध्य दुष्प्रचार करने के उद्देश्य से बनाए जा रहे ऐसे मैसेजेस को शेयर न करें। किसी भी खबर पर विश्वास करने या उसे शेयर करने से पहले हमेशा आधिकारिक सोर्सेज से उसकी पुष्टि अवश्य कर लें। केंद्र सरकार से जुड़ी सही और प्रामाणिक जानकारी या विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं की आधिकारिक जानकारी हेतु आधिकारिक पर ही विजिट कीजिए।