1. Hindi News
  2. फैक्ट चेक
  3. Fact Check: क्या सरकार देश के सभी गांव की महिलाओं को 5000 रुपये प्रतिमाह देगी? जान लें वायरल दावे का सच

Fact Check: क्या सरकार देश के सभी गांव की महिलाओं को 5000 रुपये प्रतिमाह देगी? जान लें वायरल दावे का सच

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो बेहद तेज गति से वायरल है। इसमें दावा किया गया है कि केंद्र सरकार देश के सभी गांव की महिलाओं को ₹5000 प्रतिमाह देगी। आइए इस खबर के जरिए वायरल दावे के सच को जानते हैं।

फैक्ट चेक- India TV Hindi
Image Source : X @PIBFACTCHECK फैक्ट चेक

Fact Check: सोशल मीडिया पर आए दिन कोई न कोई वीडियो या फोटो वायरल होती रहती हैं। इनमें से कई का तो सच्चाई से दूर-दर तक कोई नाता नहीं होता। या यूं कहें कि पोस्ट और वीडियो को गलत या भ्रामक दावे से वायरल किया जाता है। ऐसे ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म यूट्यूब के एक चैनल का एक वीडियो आग की तरह फैल रहा है, जिसमें यह दावा किया गया है कि केंद्र सरकार देश के सभी गांव की महिलाओं को 5000 रुपये प्रतिमाह देगी। जब इस दावे की जांच की गई तो सच कुछ और ही सामने आया। 

क्या हो रहा वायरल? 

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म यूट्यूब चैनल “MotoTrack-d2z3w” के एक वीडियो थंबनेल में दावा किया गया है केंद्र सरकार "गाँव की बेटी योजना" के तहत देश के सभी गाँवों की महिलाओं को 5000 रुपये प्रतिमाह देगी। यह दावा सोशल मीडिया पर बेहद तेज गति वायरल हो रहा है। 

फैक्ट चेक में क्या निकला?

यूट्यूब चैनल “MotoTrack-d2z3w” के वीडियो थंबनेल में किए गए दावे को लेकर प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो यानी पीआईबी ने फैक्ट चेक किया। पीआईबी द्वारा किए गए फैक्ट चेक में यह जानकारी सामने आई कि यह दावा पूरी तरह से फर्जी है। पीआईबी ने फैक्ट चेक में पाया कि यूट्यूब चैनल “MotoTrack-d2z3w” के एक वीडियो थंबनेल में किया गया यह दावा कि केंद्र सरकार सभी गांवों की महिलाओं को ₹5000 प्रतिमाह देगी, फर्जी है। केंद्र सरकार द्वारा 'गाँव की बेटी योजना' नहीं चलाई जा रही है। ऐसे में लोगों को सलाह दी जाती है कि वे सभी झूठी और भ्रामक जानकारी से सावधान रहे और ऐसी गलत सूचनाओं पर ध्यान न दें। साथ ही जनसामान्य के मध्य दुष्प्रचार करने के उद्देश्य से बनाए जा रहे ऐसे वीडियो शेयर न करें। किसी भी खबर पर विश्वास करने या उसे शेयर करने से पहले हमेशा आधिकारिक स्रोतों से उसकी पुष्टि अवश्य कर लें। केंद्र सरकार से जुड़ी सही और प्रामाणिक जानकारी के लिए केवल संबंधित मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।