नई दिल्ली: भाजपा ने आज नीतीश कुमार को निशाने पर लेते हुए कहा कि उन्होंने उस दिन ही अपनी विश्वसनीयता खो दी जब उन्होंने लालू प्रसाद से हाथ मिलाया और तभी से राजद नेता के डीएनए ने बिहार के मुख्यमंत्री के डीएनए को प्रभावित करना शुरू कर दिया।
पार्टी के वरिष्ठ नेता और केन्द्रीय मंत्री राजीव प्रताप रूडी ने यह आरोप लगाने के साथ ही दावा किया कि नीतीश के महागठबंधन से सपा के हटने के बाद अब कोई राजनीतिक दल चुनाव में पराजित होने वाले इस गठबंधन के साथ नहीं जाना चाहता है। यह महागठबंधन अब चरमरा रहा है।
बिहार में मुस्लिमों और दलितों को विभाजित करने का भी नीतीश पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि राज्य की जनता इस बार विकास के मुद्दे पर मतदान करेगी। वह जाति या धार्मिक विभाजन के आधार पर वोट नहीं देगी।
यहां भाजपा मुख्यालय में मीडिया को रूडी ने एक वीडियो दिखाया, जिसमें नीतीश कुमार को समस्तीपुर के एक कार्यक्रम में अध्यापकों के खिलाफ सख्त भाषा का प्रयोग करते दिखाया गया है। इसके बाद उन्होंने कहा, नीतीश जिस तरह बोल रहे हैं, उससे साफ है कि लालू के डीएनए का उनपर असर पड़ा है।
उन्होंने कहा, समाजवादी पार्टी का जदयू..राजद..कांग्रेस जमावड़े से अलग हटना विपक्ष में असंतोष और घबराहट का परिचायक है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सफल रैलियों से सबको साफ हो गया है कि बिहार चुनाव में भाजपा के सामने कोई नहीं टिक पाएगा।
सपा समझ गई है कि चुनाव में जदयू..राजद..कांग्रेस की हार तय
रूडी ने दावा किया कि सपा ने महज पांच सीट मिलने से नाराज होकर महागठबंधन से पल्ला नहीं झाड़ा है, बल्कि वह समझ गई है कि चुनाव में जदयू..राजद..कांग्रेस की हार सुनिश्चित है।
Latest India News