PM मोदी को जी20 शिखर सम्मेलन के फलदायी रहने की उम्मीद
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को चीन के हांगझाउ में शुरू होने वाले जी20 शिखर सम्मेलन के फलदायी रहने की उम्मीद जताया

नयी दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को चीन के हांगझाउ में शुरू होने वाले जी20 शिखर सम्मेलन के फलदायी रहने की उम्मीद जताते हुए आज कहा कि भारत वैश्विक नेताओं के समक्ष मौजूद चुनौतियों एवं सभी आवश्यक अंतरराष्ट्रीय प्राथमिकताओं के संबंध में रचनात्मक कार्य करेगा। प्रधानमंत्री कल चीन जाने से पहले आज वियतनाम जाएंगे। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार वियतनाम के साथ द्विपक्षीय संबंधों को उच्च प्राथमिकता देती है और दोनों देशों के बीच साझीदारी से एशिया और शेष विश्व को लाभ होगा।
मोदी ने कहा, मैं आज शाम वियतनाम मैं हनोई पहुंच जाउंगा जो एक बहुत महत्वपूर्ण यात्रा की शुरूआत होगी और इससे भारत एवं वियतनाम के बीच निकट संबंध और मजबूत होंगे। उन्होंने एक फेसबुक पोस्ट के जरिए कहा, हम वियतनाम के साथ मजबूत आर्थिक संबंध स्थापित करना चाहते हैं जिससे हमारे नागरिकों को लाभ हो सके। वियतनाम की यात्रा के दौरान मैं दोनों देशों के लोगों के बीच आपसी संबंधों को भी और मजबूत बनाने की कोशिश करूंगा।
मोदी ने कहा कि जी20 शिखर सम्मेलन में उनके पास आवश्यक अंतरराष्ट्रीय प्राथमिकताओं एवं चुनौतियों पर विश्व के अन्य नेताओं के साथ वार्ता करने का अवसर होगा। उन्होंने कहा, हम वैश्विक अर्थव्यवस्था को सतत स्थायी विकास के मार्ग पर ले जाने और उभरती एवं बड़ी सामाजिक, सुरक्षा एवं आर्थिक चुनौतियों से निपटने के लिए कार्रवाई करने संबंधी बातचीत करेंगे। प्रधानमंत्री ने कहा, भारत हमारे सामने मौजूद सभी मामलों पर रचनात्मक वार्ता करेगा और समाधान तलाशने एवं एक ऐसी मजबूत, समावेशी एवं स्थायी अंतरराष्ट्रीय आर्थिक व्यवस्था को आगे ले जाने के लिए काम करेगा जो खासकर विकासशील देशों के अत्यधिक जरूरतमंद लोगों समेत विश्वभर के लोगों के सामाजिक-आर्थिक हालात सुधारे।
मोदी ने शिखर सम्मेलन के फलदायी रहने और इसमें सार्थक नतीजे निकलने की उम्मीद जताते हुए कहा कि वह इस सम्मेलन में भाग लेने के लिए उत्सुक हैं। ऐसी संभावना है कि भारत जी20 शिखर सम्मेलन में आतंकवादियों को वित्तीय मदद रोकने और कर चोरी पर नजर रखने से लेकर धन भेजने की लागत कम करने एवं अहम दवाइयों की बाजार पहुंच समेत कई मुद्दे उठा सकता है। मोदी वियतनाम की यात्रा के दौरान वहां के प्रधानमंत्री न्गुयेन शुयान फुक के साथ विस्तृत वार्ता करेंगे। उन्होंने कहा, हम हमारे द्विपक्षीय संबंधों के संपूर्ण पहलुओं की चर्चा करेंगे।
मोदी वियतनाम के राष्ट्रपति त्रान दाई क्वांग, वियतनाम की कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव न्गुयेन फु त्रोंग और वियतनाम की नेशनल असेम्बली के अध्यक्ष न्गुयेन थी किम न्गान से भी मुलाकात करेंगे। उन्होंने कहा, मुझे वियतनाम में 20वीं सदी के सबसे बड़े नेताओं में शामिल हो ची मिन्ह को श्रद्धांजलि देने का अवसर मिलेगा। मैं राष्ट्रीय नायकों एवं शहीदों के स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित करूंगा और क्वान सु पैगोडा की यात्रा करूंगा। प्रधानमंत्री मोदी ने आज वियतनाम के राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर वहां के लोगों को बधाई दी और कहा, वियतनाम एक मित्रवत देश है जिसके साथ संबंधों को हम महत्व देते हैं। भारत की ओएनजीसी विदेश लिमिटेड कंपनी तीन दशकों से वियतनाम में तेल तलाश करने की परियोजनाओं पर काम कर रही है और 15 वर्षों के अंतर के बाद होने जा रही इस द्विपक्षीय यात्रा के दौरान इस क्षेत्र में नई परियोजनाओं के बारे में घोषणा होने की संभावना है।
मोदी वियतनाम से कल हांगझाउ रवाना होंगे। उन्होंने एक अन्य फेसबुक पोस्ट में लिखा, मैं जी-20 नेताओं के वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए तीन से पांच सितंबर 2016 तक चीन के हांगझाउ की यात्रा करूंगा। मैं महत्वपूर्ण द्विपक्षीय यात्रा के समापन के बाद वियतनाम से हांगझाउ पहुंचुंगा।