नई दिल्ली: विपक्षी पार्टियों ने जून में होने वाले राष्ट्रपति चुनाव को लेकर कमर कस ली है। सूत्रों के मुताबिक विपक्षी पार्टियां राष्ट्रपति चुनाव के लिए साझा उम्मीदवार खड़ा करने की कोशिश तेज कर दी है। इसके लिए विपक्षी नेताओं ने महात्मा गांधी के पोते गोपालकृष्ण गांधी से संपर्क साधा है। गांधी ने खुद स्वीकार किया है कि कई विपक्षी दलों के नेताओं ने राष्ट्रपति चुनाव में उम्मीदवार बनाने के लिए उनसे बातचीत की थी। (ये भी पढ़ें: बंद होंगे 2000 के नोट, मोदी सरकार फिर करेगी नोटबंदी?)
एक अंग्रेजी अखबार के मुताबिक उन्होंने कहा, 'बातचीत बेहद शुरुआती दौर में ही हुई थी और मुद्दे को लेकर विस्तार से कोई चर्चा नहीं हुई थी।' अंग्रेजी अखबार के सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और सीपीएम महासचिव सीताराम येचुरी ने गांधी को राष्ट्रपति उम्मीदवार बनाने के लिए उनसे बातचीत की थी। अंग्रेजी अखबार के मुताबिक यह भी जानकारी सामने आ रही है कि इस मुद्दे पर बिहार के सीएम नीतीश कुमार, शरद यादव और सीपीआई के सुधाकर रेड्डी और डी राजा के साथ गोपाल कृष्ण गांधी की बैठक भी हुई थी।
रिपोर्टों के मुताबिक इस बात को लेकर भी जानकारी सामने आ रही है कि विपक्षी दलों की तरफ से साझा उम्मीदवार की घोषणा करने को लेकर पहला नाम गोपाल गांधी और दूसरा नाम पूर्व लोकसभा स्पीकर मीरा कुमार का है लेकिन कई विपक्षी दल मीरा कुमार को उम्मीदवार बनाए जाने के पक्ष में नहीं हैं।
गोपाल गांधी के नाम पर चर्चा बीते महीने तब शुरू हुई जब सीपीएम महासचिव सीताराम येचुरी ने कांग्रेस से मुलाकात की थी। इसके अलावा राष्ट्रपति उम्मीदवार तय करने को लेकर सोनिया गांधी ममता बनर्जी और बीएसपी सुप्रीमो मयावती से इसी महीने में मुलाकात कर सकती हैं।
अगले स्लाइड में अगले राष्ट्रपति के लिए द्रौपदी के नाम की भी हो रही है चर्चा.....
Latest India News