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आतंकियों का साथ देने वाले पर हुई कार्रवाई, पुलिस ने कुर्क किया 2 मंजिला मकान और 15 मरला जमीन

पुलिस ने एक आतंकी सहयोगी आमिर राशिद लोन पुत्र अब्दुल राशिद लोन की संपत्ति जब्त की है। आमिर राशिद रशीदाबाद, मचीपोरा बोमई का रहने वाला है। पुलिस ने राशिद का दो मंजिला आवासीय मकान को कुर्क किया है।

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Image Source : INDIA TV पुलिस ने कुर्क किया मकान

जम्मू कश्मीर पुलिस ने आतंकी गतिविधियों पर नकेल कसने के लिए गुरुवार को सोपोर इलाके में एक करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की। आतंकवादी गतिविधियों पर एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एक आतंकी सहयोगी आमिर राशिद लोन पुत्र अब्दुल राशिद लोन की संपत्ति जब्त की है। आमिर राशिद रशीदाबाद, मचीपोरा बोमई का रहने वाला है। पुलिस ने राशिद का दो मंजिला आवासीय मकान को कुर्क किया है। इसके साथ ही रशीदाबाद एस्टेट मचीपोरा में खसरा संख्या 433 के अंतर्गत आने वाली 15 मरला भूमि भी कुर्क की है।

अधिकारी की अनुमति के बाद गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम, 1967 की धारा 25 के प्रावधानों के तहत कुर्की की गई। यह कुर्की पुलिस स्टेशन बोमई में यूए(पी) अधिनियम की धारा 18, 20, 23, 38 और 39, 7/25 शस्त्र अधिनियम के तहत दर्ज एफआईआर संख्या 26/2024 के तहत की गई है।

पुलिस का बयान

पुलिस प्रवक्ता ने बताया, "पुलिस ने बोमई क्षेत्र के रशीदाबाद में आतंकवादियों के एक सहयोगी आमिर राशिद लोन के दो मंजिला मकान को जब्त किया और साथ ही उसकी 15 मरला (4080 वर्ग फीट) जमीन भी जब्त कर ली गई। उन्होंने कहा कि यह जब्ती गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम, 1967 की धारा 25 के तहत सक्षम प्राधिकरण से स्वीकृति प्राप्त करने के बाद की गई। प्रवक्ता ने कहा कि संपत्ति की जब्ती आतंकवादी संगठनों और उनके समर्थकों को आर्थिक एवं सैन्य सहायता रोकने के लिए जारी प्रयासों के तहत की गई है।

आतंकी समर्थकों पर सख्त रहेंगे प्रवर्तन एजेंसियां

पुलिस प्रवक्ता ने कहा, "यह कार्रवाई एक कड़ा संदेश देती हैं कि कानून प्रवर्तन एजेंसियां उन लोगों के खिलाफ अपने प्रयासों में किसी भी प्रकार की ढील नहीं बरतेंगी जो शांति और स्थिरता को कमजोर करने की कोशिश कर रहे हैं। संपत्ति की कुर्की आतंकवादी संगठनों और उनके समर्थकों के लिए वित्तीय और रसद सहायता को रोकने के लिए चल रहे प्रयासों का एक हिस्सा है। यह कार्रवाई आतंकवाद से निपटने और इन नापाक गतिविधियों को सक्षम बनाने वाले सहायक ढांचों को नष्ट करने के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस की प्रतिबद्धता की पुष्टि करती है।"