पहलगाम हमले के जख्मों से उबर रहा जम्मू-कश्मीर का पर्यटन? जानिए क्या बोले मुख्य सचिव
पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद जम्मू-कश्मीर में पर्यटन लगभग ठप सा हो गया था। लेकिन धीरे-धीरे हालात सुधरने लगे हैं। अब पर्यटकों की आवाजाही भी बढ़ने लगी है।

जम्मू: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में अप्रैल 2025 में पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले के बाद पर्यटन क्षेत्र को भारी झटका लगा था लेकिन अब समय बीतने और हालात में सुधरने के साथ ही धीरे-धीरे सुधार के संकेत भी दिखने लगे हैं और पर्यटकों की संख्या भी बढ़ने लगी है। इस बात की जानकारी राज्य के मुख्य सचिव अटल डुल्लू ने दी है। उन्होंने कहा कि पहलगाम हमले के बाद और उसके बाद भारी बारिश एवं बाढ़ की घटनाओं में वृद्धि के कारण 2025 में उसमें काफी नुकसान हुआ था। हालांकि, अब हम धीरे-धीरे सुधार देख रहे हैं। मौसम में सुधार के साथ ही पर्यटकों का आगमन फिर से बढ़ने लगा है।
बड़ी परियोजना की परिकल्पना
मुख्य सचिव अटल डुल्लू एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि जम्मू-कश्मीर के पारंपरिक पर्यटन स्थलों पर दबाव कम करने के उद्देश्य से उभरते पर्यटन स्थलों में सतत पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ी परियोजना की परिकल्पना की गई है और इसके कार्यान्वयन की सावधानीपूर्वक योजना बनाई जा रही है।
उन्होंने कहा कि पर्यटन को पुनर्जीवित करने की दिशा में सरकार की कोशिशें जारी हैं तथा सरकार पर्यटकों की बढ़ती संख्या और सतत विकास के लिए अपनी पर्यटन रणनीति का पुनर्मूल्यांकन कर रही है। उन्होंने कहा, ‘‘पर्यटन के विकास के साथ-साथ हमें यह भी देखना होगा कि हम पर्यटकों की संख्या में वृद्धि को संभालने के लिए कितने तैयार हैं। इसके लिए हमारी पर्यटन रणनीति और क्षमता का पुनर्मूल्यांकन आवश्यक है।’’
नए पर्यटन स्थलों के विकास की जरूरत
मुख्य सचिव ने पारंपरिक पर्यटन स्थलों पर बढ़ते दबाव को कम करने के लिए नए पर्यटन स्थलों के विकास की जरूरत पर बल दिया, क्योंकि व्यस्त मौसमों में अक्सर इन जगहों पर उनकी क्षमता से ज्यादा पर्यटक आते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘नए पर्यटन स्थलों के विकास से पर्यटकों की संख्या अधिक समान रूप से वितरित होगी। इससे स्थानीय समुदायों के लिए रोजगार सृजित होगा, बुनियादी ढांचे का विकास होगा, निवेश आकर्षित होगा और मौसमी पर्यटन की भीड़ को कम करने में मदद मिलेगी।’’
बता दें कि पिछले साल 22 अप्रैल को पहलगाम में आतंकी हमला होने के बाद कश्मीर का पर्यटन क्षेत्र बुरी तरह प्रभावित हुआ था। पहलगाम में आतंकवादियों ने 25 पर्यटकों समेत 26 लोगों की हत्या कर दी थी। हमले के बाद, सुरक्षा कारणों से लगभग 50 पर्यटन स्थलों और रिसॉर्ट्स को बंद कर दिया गया था। हाल में कई टूरिस्ट प्लेसेज को फिर से खोल दिया गया है। सिक्योरिटी ऑडिट पूरा होने के बाद और भी ऐसे स्थलों को पर्यटकों के लिए खोल दिया जाएगा। मुख्य सचिव ने कहा कि इस दिशा में एक बड़ी परियोजना की परिकल्पना की गई है। ट्रांसपोर्ट और अन्य बुनियादी इंफ्रास्ट्रक्चर व्यवस्थाओं समेत इसके कार्यान्वयन की सावधानीपूर्वक योजना बनाई जा रही है। डुल्लू ने कहा, ‘‘पर्यटन क्षेत्र का सतत विकास सुनिश्चित करने के लिए हमारा ध्यान नए पर्यटन स्थलों के विकास पर केंद्रित रहेगा।’’