जम्मू-कश्मीर विधानसभा में सोमवार को राज्य का पूर्ण दर्जा बहाल करने के प्रस्ताव को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जोरदार हंगामा हुआ। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की ओर से लाए गए प्रस्ताव की भाषा और उसमें 1953 से पहले की संवैधानिक स्थिति, ऑटोनॉमी प्रस्ताव और अनुच्छेद 370 के संदर्भों को लेकर BJP विधायकों ने आपत्ति जताई।
विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने कहा कि BJP जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा वापस देने के पक्ष में है और इस मुद्दे पर सकारात्मक चर्चा के लिए तैयार है। हालांकि, उन्होंने कहा कि राज्य के दर्जे के प्रस्ताव को 1953 से पहले की स्थिति, 2000 के ऑटोनॉमी प्रस्ताव या अनुच्छेद 370 जैसे मुद्दों से नहीं जोड़ा जाना चाहिए।
स्पीकर को हटाने का नोटिस
कार्यवाही शुरू होते ही BJP विधायक आरएस पठानिया ने स्पीकर अब्दुल रहीम राथर को बताया कि BJP ने उन्हें स्पीकर पद से हटाने का नोटिस दिया है। पठानिया ने सदन में यह मुद्दा उठाया और स्पीकर के सामने नोटिस पेश किया। स्पीकर ने कहा कि उन्हें नोटिस मिल गया है और विधानसभा के नियमों के अनुसार, नोटिस मिलने के 14 दिन बाद किसी भी दिन इस पर चर्चा की जा सकती है। इसके बाद उन्होंने प्रश्नकाल शुरू करने के निर्देश दिए।
BJP विधायक वेल में पहुंचे
स्पीकर के प्रश्नकाल शुरू कराने के बाद BJP विधायक विरोध में खड़े हो गए और सदन के वेल में पहुंचकर नारेबाजी करने लगे। BJP विधायकों ने स्पीकर की कुर्सी छोड़ने की मांग की। नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने कहा कि BJP राज्य का दर्जा बहाल करने के मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन प्रस्ताव में ऑटोनॉमी, विशेष दर्जे और अनुच्छेद 370 से जुड़े संदर्भों को स्वीकार नहीं किया जा सकता।
विरोध के दौरान BJP विधायकों ने नारेबाजी की और सदन में अनुशासन से जुड़े मुद्दे भी उठाए। सत्ता पक्ष के विधायकों ने भी BJP के विरोध का जवाब दिया, जिससे सदन में हंगामा बढ़ गया।
कांग्रेस विधायकों ने भी किया विरोध
कार्यवाही के दौरान कांग्रेस विधायक इरफान हाफिज लोन ने बैनर दिखाया और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर नारे लगाए। कांग्रेस के अन्य विधायक भी विरोध में शामिल रहे। लगातार हंगामे के कारण विधानसभा की कार्यवाही कई बार प्रभावित हुई। स्पीकर ने सभी सदस्यों से सदन की मर्यादा और अनुशासन बनाए रखने को कहा और चेतावनी दी कि नियमों का उल्लंघन करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कई विधायकों को मार्शल के जरिए बाहर निकाला गया
हंगामा जारी रहने पर विधानसभा में मार्शल बुलाए गए। BJP विधायक विक्रम रंधावा और अरविंद गुप्ता के साथ कांग्रेस विधायक इरफान हाफिज लोन और इफ्तिखार अहमद को भी मार्शल के जरिए सदन से बाहर निकाला गया।
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