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VIDEO: नितिन गडकरी फिर बेबाक होकर बोले, कहा-राजनीति में यूज एंड थ्रो की फिलॉसफी

नितिन गडकरी ने कहा, 'अपने देश में विचार भिन्नता समस्या नहीं है, अपने देश में विचार शून्यता समस्या है। जो पार्टी सत्ता में आती है उसमें घुसने के लिए सभी तैयार हैं।

Nitin Gadkari- India TV Hindi
Image Source : FILE नितिन गडकरी

पुणे: केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी अपने बेबाक बोल के लिए जाने जाते हैं। यही वजह है कि उनके बयान सुर्खियां बटोर लेते हैं। एक बार फिर उन्होंने राजनीति को लेकर बयान दिया है। एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि राजनीति को लेकर मेरे विचार अच्छे नहीं हैं। यहां यूज एंड थ्रो की फिलॉसफी चलती है। 

पार्टी सत्ता में आती है तो घुसने के लिए सब तैयार

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने महाराष्ट्र के पुणे में एक कार्यक्रम के दौरान राजनीति को लेकर अपना विचार व्यक्त किया। उन्होंने कहा kf राजनीति के संबंध में उनके विचार ज्यादा अच्छे नहीं हैं। इसमें यूज एंड थ्रो की फिलासफी है। गडकरी ने राजनीति पर कटाक्ष करते हुए कहा कि जो पार्टी सत्ता में आती है उसमें घुसने के लिए सभी तैयार हैं ,जब सत्ता गई तो, जैसे जहाज पानी में डूबता है, फटाफट सब छलांग मारते हैं, पहले चूहे छलांग मारते हैं।

देश में विचार शून्यता समस्या

नितिन गडकरी ने अपने भाषण में कहा, 'अपने देश में विचार भिन्नता समस्या नहीं है, अपने देश में विचार शून्यता समस्या है। जो पार्टी सत्ता में आती है उसमें घुसने के लिए सभी तैयार हैं। जब सत्ता गई जैसे जहाज पानी में डूबता है तो फटाफट सब छलांग मारते हैं ,पहले चूहे छलांग मारते हैं, इसका कारण अपने विचार ,अपनी निष्ठा, अपना कनविक्शन ,अपनी कमिटमेंट यह महत्वपूर्ण है।

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने आगे कहा कि अपना देश अनेक समाज से मिलकर बना हुआ है, इसमें अंतिम घटक अपना परिवार है। समाज और देश का विकास चाहते हो तो पहले अपने परिवार का विकास करो।  मेरे पास बहुत लोग आते हैं ,राजनीति के संबंध में मेरे विचार ज्यादा अच्छे नहीं हैं। यूज एंड थ्रो फिलॉसफी है। 

पहले घर संभालो फिर देश सेवा करो

गडकरी ने आगे कहा, 'एक व्यक्ति मेरे पास आया, उसने कहा कि उसे देश के लिए कुछ करना है, फिर मैंने उससे पूछा कि आप क्या करते हो, तो उसने कहा कि उसकी किराने की दुकान थी, लेकिन उसका दीवाला निकल गया। फिर मैंने पूछा तुम्हारे घर पर कौन-कौन है, तो उसने कहा पत्नी और बच्चे हैं, तो गडकरी ने कहा कि तुम्हारी राजनीति में जरूरत नहीं है और देश को भी तुम्हारी जरूरत नहीं है। पहले अपना घर संभालो, फिर देश की सेवा करो। गडकरी ने कहा कि संगठन में और पार्टी में कार्यकर्ताओं के साथ इंसान की तरह व्यवहार करो।'