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महाराष्ट्र: मुंब्रा में छोटे चट्टे बट्टे चुनौती ना दें वरना..., ओवैसी की AIMIM को संजय निरुपम ने क्यों दी धमकी?

महाराष्ट्र में असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम ने अच्छा प्रदर्शन किया। पार्टी की नवनिर्वाचित नगरसेवक सहर शेख ने मुंब्रा ग्रीन' का नारा दिया जिसपर विवाद हो गया है। शिंदे शिवसेना के संजय निरुपम ने ओवैसी को धमकी दे डाली है, जानें क्या कहा?

संजय निरुपम ने दी ओवैसी को चुनौती- India TV Hindi
Image Source : REPORTER AND FILE संजय निरुपम ने दी ओवैसी को चुनौती

महाराष्ट्र के नगर निकाय चुनाव में असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM को कई सीटों पर जीत मिली है। ठाणे म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के साथ ही मुंब्रा इलाके में भी ओवैसी की पार्टी ने अपनी मजबूत पकड़ दिखाई।ओवैसी की पार्टी की 22 साल की सबसे युवा काउंसलर बनीं सहर शेख ने जीत के बाद जो भाषण दिया वो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने विरोधियों पर तीखा हमला बोला। लेकिन उनका स्लोगन अब विवाद का विषय बन चुका है। उन्होंने 'पेंट मुंब्रा ग्रीन' का नारा दिया जिसपर विवाद हो गया। जिसे लेकर एकनाथ शिंदे नेता संजय निरुपम ने कड़ी प्रतिक्रिया दी और साथ ही धमकी भी दे डाली।

जानें संजय निरुपम ने क्या कहा

निरुपम ने कहा, मुंब्रा में 6 नगरसेवक चुनकर आए और मुंब्रा में खुलेआम कहा जा रहा है कि मुंब्रा को ‘हरा’ कर देंगे। ये एआईएमआईएम के मुंब्रा में छोटे से चट्टे बट्टे हैं, वे ऐसी चुनौती ना दें वरना अगले चुनाव में चुनाव लड़ना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने AIMIM की युवा नगरसेवक के बयान पर कहा, इसी तरह से NCP के एक जहरीले नेता मुंब्रा को हरा करने आए थे। मुंब्रा को हरा करने का सोचा था पर ख़ुद लाल हो गए। कई लोगों में इस देश को हरा करने का सोचा था वो आज तक नहीं कर पाए। मुंब्रा के 6 नगरसेवक हरा करने का सपना ना देखें नहीं तो अगली बार चुनाव लड़ने लायक नहीं रहेंगे ।

संजय निरुपम का आरोप

निरुपम ने आगे कहा, जहां जहां मुस्लिम मतदाता अधिक थे वहां हमारे उम्मीदवार हारे। 17 सीट पर मुस्लिम वोट की वजह से हमें झटका लगा है। मुस्लिम मतदाताओं ने एकमत होकर मतदान किया, इसलिए हमारे उम्मीदवार हारे और UBT के उम्मीदवार जीते। मुस्लिमों ने चुनकर UBT, कांग्रेस और आईएमआईएम को मतदान किया। AIMIM का उभरना महाराष्ट्र की सुरक्षा के लिए खतरा है । 

नागपुर में दंगा आरोपी फहीम ख़ान की पत्नी और अन्य दंगे के आरोपी इसी  AIMIM से चुनकर आए, AIMIM  मतलब दंगाइयों की पार्टी।  मालेगांव में बम विस्फोट के रोपी , दंगे आरोपी को एक नई पार्टी इस्लाम पार्टी बनाई और मज़हब के नाम पर बहुमत मिला । मालेगांव में जो जीतकर आए उनका बैकग्राउंड चेक करना चाहिए। किस तरह के लोगों ने मतदान किया, इसका प्रोफाइलिंग होनी चाहिए। अंतर्राष्ट्रीय साज़िश हुई क्या ऐसी कांस्पिरेसी की जांच होनी चाहिए ।