1. Hindi News
  2. नॉर्थ ईस्ट
  3. मणिपुर
  4. मणिपुर में भाजपा और एनपीपी विधायकों ने सरकार बनाने का किया दावा, राज्यपाल से की मुलाकात

मणिपुर में भाजपा और एनपीपी विधायकों ने सरकार बनाने का किया दावा, राज्यपाल से की मुलाकात

मणिपुर में भाजपा के 8, एनपीपी के 1 और एक निर्दलीय विधायक ने सरकार बनाने का दावा पेश किया है। इसके लिए इंफाल स्थित राजभवन में राज्यपाल अजय कुमार भल्ला से विधायकों ने मुलाकात भी की है।

BJP and NPP MLAs staked claim to form government in Manipur met the Governor- India TV Hindi
Image Source : ANI राजभवन में भाजपा, एनपीपी और निर्दलीय विधायकों ने राज्यपाल से की मुलाकात

मणिपुर में राजनीतिक उठा पटक देखने को मिल रही है। दरअसल यहां भाजपा के 8, एनपीपी के 1 और 1 निर्दलीय विधायक सहिल कुल 10 विधायकों ने राज्य में सरकार बनाने का दावा पेश किया है। इसके लिए 10 विधायकों ने इंफाल के राजभवन में मणिपुर के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला से मुलाकात की है। निर्दलीय विधायक सपाम निशिकांत सिंह ने कहा, "हमें उम्मीद है कि जल्द ही लोकप्रिय सरकार का गठन होगा। हम राज्यपाल से अपील कर रहे हैं कि हम एक लोकप्रिय सरकार चाहते हैं। हमने राज्यपाल को एक कागज भी दिया है जिस पर हम सभी ने हस्ताक्षर किए हैं। मणिपुर में सभी एनडीए विधायक एक लोकप्रिय सरकार बनाने के लिए बहुत उत्सुक हैं। हम जनता का समर्थन भी चाहते हैं। हमने जो कागज दिया है उस पर करीब 22 लोगों के हस्ताक्षर हैं। राज्यपाल से मिलने के लिए 10 विधायक यहां आए हैं।"

राज्यपाल से विधायकों ने की मुलाकात

विधायक सपाम निशिकांत सिंह ने कहा, "अधिकांश लोग एक लोकप्रिय सरकार चाहते हैं और यही कारण है कि हम राज्यपाल से मिलने यहां आए हैं। हमने अन्य बातों पर भी चर्चा की, जैसे कि लोकप्रिय सरकार के गठन के बाद राष्ट्रपति शासन का कामकाज पहले जैसा नहीं रह सकता है। मुख्य रूप से और मूल रूप से, मुख्य मुद्दा एक लोकप्रिय सरकार का गठन था। राज्यपाल की प्रतिक्रिया भी अच्छी थी।" मंगलवार को मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने कहा कि उन्होंने राज्यपाल अजय कुमार भल्ला के साथ राज्य की मौजूदा स्थिति पर चर्चा की और उनसे ग्वालताबी घटना को सुलझाने के लिए प्रदर्शनकारियों को बातचीत के लिए आमंत्रित करने का आग्रह किया। पिछले हफ्ते ग्वालताबी घटना को लेकर विरोध प्रदर्शनों ने मैतेई-आबादी वाले इंफाल घाटी को हिलाकर रख दिया है।

क्या बोले एन बीरेन सिंह

आरोप है कि सुरक्षा बलों ने 20 मई को उखरुल जिले में शिरुई लिली उत्सव को कवर करने के लिए पत्रकारों को ले जा रही सरकारी बस को ग्वालताबी चेकपोस्ट के पास रोक लिया और सूचना एवं जनसंपर्क निदेशालय (डीआईपीआर) के कर्मचारियों को विंडशील्ड पर लिखे राज्य के नाम को सफेद कागज से ढकने के लिए मजबूर किया। देर रात प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा, "आज मैं राज्यपाल अजय कुमार भल्ला से मिला। मैंने राज्य में मौजूदा स्थिति के बारे में उनसे चर्चा की और कुछ सुझाव दिए। उन्होंने मेरी बात सुनी और प्रदर्शनकारियों को आमंत्रित करके मौजूदा संकट को हल करने के लिए आवश्यक कार्रवाई शुरू की जाएगी। मुझे उम्मीद है कि ऐसा होगा।"