झालावाड़: राजस्थान की झालावाड़ पुलिस ने अकलेरा थाना क्षेत्र के चंदीपुर में महिला रेणु उर्फ निमंता हत्याकांड की उस उलझी हुई गुत्थी को सुलझा लिया है, जिसे उसके दरिंदे पति द्वारा 'हादसा' बताकर दफन करने की कोशिश की गई थी लेकिन फोरेंसिक जांच और पुलिस की पैनी नजर ने आरोपी पति देवीकृपाल उर्फ डेविड के झूठ के किले को ढहा दिया। पुलिस ने आरोपी को कोटा से फिल्मी अंदाज में पीछा कर गिरफ्तार करने में सफलता पाई है।
9 नवंबर 2025 को हुई थी रेणु की हत्या
जानकारी के मुताबिक, 9 नवंबर 2025 को जब 27 वर्षीय रेणु की मौत हुई, तो ससुराल पक्ष ने इसे सीढ़ियों से गिरने का साधारण हादसा बताया। वहीं सबसे बड़ी हैरत करने वाली घटना यह सामने आई थी कि पत्नी की मौत के बाद सुसराल तो ठीक लेकिन पीहर पक्ष ने भी रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई। इस पर पुलिस ने महिला के शरीर की चोटें और हालातों को देखकर एवं घटनास्थल पर बिखरी हुई चूड़ियां और रेणु के शरीर पर चोट के निशानों ने पुलिस के मन में संदेह का बीज बो दिया।
'क्राइम सीन रिक्रिएशन' से खुली पोल
झालावाड़ एसपी अमित कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने हार नहीं मानी और मामले की तह तक जाने का फैसला किया और पुलिस ने स्वयं संज्ञान लेकर रिपोर्ट दर्ज दर्ज जांच शुरु किया और फोरेंसिक (FSL ) टीम को बुलाकर वैज्ञानिक तरीके से जांच की। गौरतलब है कि इस केस में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब जयपुर और कोटा की एफएसएल टीमों ने 'क्राइम सीन रिक्रिएशन' किया। जांच के दौरान मेडिकल बोर्ड द्वारा किए गए पोस्टमार्टम में रेणु के शरीर पर 19 अलग-अलग चोटें पाई गई थीं, जो सीढ़ियों से गिरने की थ्योरी से बिल्कुल मेल नहीं खाती थीं।
वैज्ञानिक प्रयोग के लिए घटनास्थल पर डमी बॉडी को गिराकर देखा गया, जिससे यह पूरी तरह स्पष्ट हो गया कि ऊंचाई से गिरने पर शरीर के अंगों पर वैसी चोटें आना नामुमकिन है। जैसी रेणु के शरीर पर थीं। इस वैज्ञानिक विश्लेषण ने आरोपी के 'हादसे' वाले झूठ को पूरी तरह बेनकाब कर दिया और साबित कर दिया कि यह एक सोची-समझी हत्या थी।
पति का कई महिलाओं से था अवैध संबंध
झालावाड़ पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि पुलिस जांच में हत्या की वजह बेहद चौंकाने वाली निकली। आरोपी डेविड के कई महिलाओं के साथ अवैध संबंध थे। उसकी पत्नी रेणु अक्सर इसका विरोध करती थी, जो डेविड को नागवार गुजरता था। हत्या से पहले आरोपी ने होटल में शराब पार्टी की और फिर रेणु को रास्ते से हटाने की साजिश को अंजाम दिया। आरोपी के मोबाइल से कई लड़कियों की तस्वीरें और आपत्तिजनक चैट मिली हैं, जो उसके चरित्र और अपराध की मंशा को साफ बयां करती हैं। जब पुलिस को पता लगा कि आरोपी पति डेविड कोटा में है। इस पर जब कोटा पुलिस ने उसे घेरने की कोशिश की, तो उसने अपनी कार से पुलिस वाहन को जोरदार टक्कर मार दी। इस हमले के बाद उसके खिलाफ कोटा के आरकेपुरम थाने में राजकार्य में बाधा का एक और मामला दर्ज किया गया है।
रिपोर्ट- अनीस आलम, झालावाड़