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Mahakumbh: 29 जनवरी को होगा दूसरा अमृत स्नान, जानें क्यों है यह दिन बेहद खास

महाकुंभ में अबतक 8 करोड़ से ज्यादा लोग स्नान कर चुके हैं। 14 जनवरी को पहला अमृत स्नान हो चुका है, अब दूसरा अमृत स्नान होना बाकी है, जो जनवरी में ही 29 तारीख को होगा।

Mahakumbh 2025- India TV Hindi Image Source : PTI महाकुंभ

महाकुंभ की शुरुआत को एक हफ्ते का समय हो चुका है। 13 जनवरी को इसकी शुरुआत की गई, उसके बाद से ही रोजाना लाखों की संख्या में श्रद्धालु संगम स्नान के लिए प्रयागराज पहुंच रहे हैं। बता दें कि महाकुंभ में शाही स्नान (अमृत स्नान) का अलग ही महत्व बताया गया है। इस दिन नागा साधु और उनके अखाड़ों का हर्षोल्लास देखते ही बनता है। पहला अमृत स्नान 14 जनवरी को किया गया। इस दिन 3.5 करोड़ श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगाई। अब दूसरा अमृत स्नान जनवरी के अंत में ही होना है। 

कब है दूसरा अमृत स्नान?

महाकुंभ को दूसरा शाही स्नान 29 जनवरी को होगा। ऐसे में इस दिन को काफी खास माना गया है क्योंकि इस दिन मौनी अमावस्या है। सभी अमावस्या में मौनी अमावस्या का खासा महत्व है। इसे माघी या माघ अमावस्या के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन कुछ संत मौन व्रत भी करते हैं। इस दिन को बहुत ही खास अमृत स्नान माना जा रहा है क्योंकि कई दुर्लभ संयोग बन रहे हैं। दरअसल, इस दिन चंद्रमा, बुध और सूर्य मकर राशि में त्रिवेणी योग बना रहे हैं।

कब से कब तक है मौनी अमावस्या?

पंचांग के मुताबिक, माघ माह की अमावस्या तिथि 28 जनवरी की शाम 7.32 बजे शुरु हो जाएगी, और 29 जनवरी की शाम 6.05 बजे खत्म होगी।

अमृत स्नान का शुभ मुहूर्त

29 जनवरी की सुबह 05.25 बजे से लेकर 6.18 बजे तक ब्रह्म मुहूर्त रहेगा। फिर सुबह 05.51 से 07.11 बजे तक प्रातः संध्या मुहूर्त रहेगा।

क्यों खास है यह अमावस्या?

धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, मौनी अमावस्या पर पितृ का तर्पण करने से उनकी आत्मा को शांति प्राप्त होता है। इससे जातक को पितरों का आशीर्वाद हासिल होता है। जातक को इस दिन पितृ को तर्पण और दान करने से कुंडली के दोषों मुक्ति मिल सकती है। साथ ही मौन व्रत रखने से वाक सिद्धि भी हासिल होती है।