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शुक्र ग्रह का 3 भावों में बैठना प्रेम जीवन में परेशानियों का कारण, जान लें जरूरी उपाय

शुक्र ग्रह को प्रेम का कारक ग्रह माना जाता है। इसलिए कुंडली में इसकी स्थिति का आपके प्रेम जीवन पर गहरा प्रभाव देखने को मिलता है। कुंडली के किन भावों में शुक्र प्रेम जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है, आइए जानते हैं।

Shukra Grah- India TV Hindi
Image Source : MAGNIFIC शुक्र ग्रह

शुक्र ग्रह को ज्योतिष में भौतिकता, प्रेम जीवन और अर्थ का कारक ग्रह माना जाता है। खासकर व्यक्ति के प्रेम जीवन पर शुक्र का गहरा असर देखने को मिलता है। इसलिए कुंडली में शुक्र की स्थिति को देखकर ही प्रेम जीवन की भविष्यवाणी की जाती है। ज्योतिष शास्त्र की मानें तो कुंडली के 3 भावों छठे, आठवें और द्वादश में शुक्र की स्थिति प्रेम जीवन के लिए अनुकूल नहीं होती। हालांकि कुछ उपाय करने से शुक्र को मजबूत किया जा सकता है और शुक्र के शुभ फल मिल सकते हैं। आइए ऐसे में जान लेते हैं इन उपायों के बारे में और साथ ही जानेंगे छठे, आठवें और द्वादश भाव में शुक्र के होने का प्रेम जीवन पर क्या असर देखने को मिल सकता है। 

छठे भाव में शुक्र ग्रह 

छठा भाव ज्योतिष में रोग, शत्रु और उधार का कारक माना गया है। इस भाव में शुक्र की स्थिति व्यक्ति के प्रेम जीवन में दिक्कतें पैदा कर सकती है। व्यक्ति पार्टनर से बहुत ज्यादा उम्मीद रखता है और उन उम्मीदों के टूटने पर बगावती हो सकता है। ऐसा व्यक्ति पार्टनर पर शक करने वाला भी हो सकता है और साथ ही छोटी-छोटी बातों पर भी विवाद कर सकता है। रिश्ते में उतार-चढ़ाव बने रह सकते हैं। ऐसा जातक कंजूस और दूसरे की अलोचना करने वाला भी हो सकता है। 

अष्टम भाव में शुक्र ग्रह 

आठवां भाव अनिश्चितता का कारक माना जाता है। इस भाव में शुक्र के होने से व्यक्ति के प्रेम जीवन में भी अनिश्चितता बनी रहती है। बनते-बनते रिश्ते टूट सकते हैं। यहां बैठा शुक्र पार्टनर के मन में आपके प्रति गलत भावनाएं पैदा कर सकता है। इसके साथ ही प्रेम में धोखा भी ऐसे लोगों को मिल सकता है। 

द्वादश भाव में शुक्र ग्रह 

कुंडली के बारहवें भाव में शुक्र भौतिक सुख प्रदान कर सकता है लेकिन लव लाइफ में परेशानियां पैदा हो सकती हैं। लव पार्टनर के साथ अहम की लड़ाई ऐसे लोगों की होने की आशंका रहती है। ऐसे लोग अपनी बातों को पार्टनर पर थोपकर प्रेम जीवन में दिक्कतें पैदा कर सकते हैं। बारहवें भाव का शुक्र पार्टनर से दूरी भी बना सकता है और साथ ही पार्टनर के प्रति शक भी पैदा करवा सकता है। इसलिए द्वादश भाव के शुक्र को भी प्रेम जीवन के लिए अच्छा नहीं माना जा सकता। 

उपाय 

जिन लोगों के छठे, आठवें और बारहवें भाव में शुक्र हो उन्हें नीचे दिए गए उपाय करने चाहिए। 

  • मां लक्ष्मी की आराधना करने से लाभ मिलता है। 
  • शुक्र ग्रह को मजबूत करने के लिए 'ओम शुं शुक्राय नम:' मंत्र का जप करना चाहिए। 
  • ऐसे लोगों को साफ-सफाई रखनी चाहिए और इत्र का इस्तेमाल करना चाहिए। 
  • महिलाओं का सम्मान करने से शुक्र की स्थिति शुभ होती है। 
  • ज्योतिष की सलाह पर ऐसे लोग ओपल या हीरा पहनकर शुक्र को मजबूत कर सकते हैं। 

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

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