1. Hindi News
  2. उत्तर प्रदेश
  3. फतेहपुर मंदिर vs मकबरा मामले का मुद्दा विधानसभा में गूंजा, मायावती और चंद्रशेखर के भी सामने आए बयान

फतेहपुर मंदिर vs मकबरा मामले का मुद्दा विधानसभा में गूंजा, मायावती और चंद्रशेखर के भी सामने आए बयान

फतेहपुर विवाद मामले का मुद्दा सपा ने विधानसभा में उठाया है। नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे ने कहा कि प्रदेश में सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने की कोशिश हो रही है। वहीं सरकार ने कहा कि दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

फतेहपुर मंदिर vs मकबरा- India TV Hindi
Image Source : PTI फतेहपुर मंदिर vs मकबरा

लखनऊः फतेहपुर मंदिर vs मकबरा मामले का मुद्दा मंगलवार को यूपी विधानसभा में गूंजा। समाजवादी पार्टी के सीनियर नेता और नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने कहा कि प्रदेश में सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि मदरसा और मज़ार तोड़कर माहौल ख़राब करने की कोशिश की जा रही है। विपक्ष ने इस मुद्दे पर सदन में चर्चा कराने की मांग की। 

फतेहपुर मामले में सरकार का सामने आया बयान

नेता प्रतिपक्ष के सवालों का जवाब देते हुए संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि इसमें सरकार या सरकारी तंत्र का कोई इन्वॉलमेंट नहीं है। सरकार पर लग रहे आरोपों का वह खंडन करते हैं। उन्होंने बताया कि इस मामले में दस नामजद तो पचास अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। जो भी कानून हाथ में लेने की कोशिश करेगा, उस पर कार्रवाई की जाएगी।  

मायावती ने सरकार से की ये मांग

वहीं, बसपा प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने कहा कि फतेहपुर में मक़बरा व मंदिर होने को लेकर चल रहे विवाद पर सरकार को किसी भी समुदाय को ऐसा कोई भी क़दम नहीं उठाने देना चाहिये जिससे वहां साम्प्रदायिक तनाव पैदा हो जाये और आपसी भाईचारा व सद्भाव भी बिगड़े। सरकार इस मामले को गम्भीरता से ले और ज़रूरत पड़ने पर सख़्त क़दम भी उठाये।

चंद्रशेखर ने बीजेपी पर लगाए गंभीर आरोप

वहीं, नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर ने कहा एक्स हैंडल पर आरोप लगाया कि फतेहपुर में बीजेपी जिलाध्यक्ष की अगुवाई में भीड़ ने पुलिस बैरीकेड्स तोड़कर आबूनगर स्थित मकबरे परिसर में पहुंचकर मजार तोड़ी, भगवा झंडा लहराया, नारेबाजी की और पत्थरबाजी की यह सब पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में हुआ।

यह सत्ताधारियों द्वारा किया गया सुनियोजित साम्प्रदायिक हमला है। जब संविधान सभी को अपने धर्म का पालन करने का अधिकार देता है, तब सत्ताधारियों द्वारा एक समुदाय के धार्मिक स्थल को तोड़ना लोकतंत्र और सामाजिक सौहार्द के चेहरे पर तमाचा है। उन्होंने दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। 

मकबरे के पास की सड़क एक किमी तक बंद कई गई

बता दें कि फतेहपुर जिले में शांति सुनिश्चित करने के लिए पुलिस और जिला प्रशासन ने मकबरे के एक किलोमीटर के दायरे में सभी सड़कें बंद कर दी हैं। अधिकारी ने बताया कि अब यह इलाका लगातार ड्रोन निगरानी में है और मकबरे के ध्वस्त किए गए हिस्सों की मरम्मत कल रात तक पूरी हो गई।

क्या है पूरा मामला

दरअसल, फतेहपुर जिले के एक मकबरे में सोमवार को हिंदू संगठनों के सदस्यों ने घुसकर हंगामा किया और धार्मिक नारेबाजी की। हंगामा करने वालों का दावा है कि कई सदी पुराना नवाब अबू समद का मकबरा जहां स्थित है, वहां पहले कभी मंदिर हुआ करता था।  पुलिस ने सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और शांति भंग करने के आरोप में 150 से अधिक लोगों पर मामला दर्ज किया है।