A
  1. Hindi News
  2. पश्चिम बंगाल
  3. ईडी रेड पर बहस के दौरान कलकत्ता हाई कोर्ट में जबरदस्त भीड़ के बाद अफरा-तफरी, टाली गई सुनवाई

ईडी रेड पर बहस के दौरान कलकत्ता हाई कोर्ट में जबरदस्त भीड़ के बाद अफरा-तफरी, टाली गई सुनवाई

कोर्ट रूम में भारी भीड़ के चलते हंगामा होने लगा और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। जज ने मामले की सुनवाई टाल दी। 14 जनवरी को अब इस मामले की सुनवाई होगी।

कलकत्ता हाई कोर्ट- India TV Hindi
Image Source : PTI-FILE PHOTO कलकत्ता हाई कोर्ट

तृणमूल कांग्रेस (TMC) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) से जुड़े एक मामले की सुनवाई में भीड़ ज्यादा होने की वजह से कलकत्ता हाई कोर्ट में अफरा-तफरी मच गई। ऐसे में हाई कोर्ट ने 14 जनवरी तक के लिए सुनवाई टाल दी है। जस्टिस शुभ्रा घोष केस से जुड़े लोगों को छोड़कर बाकी लोगों से बाहर जाने के अनुरोध के बावजूद कोर्टरूम वकीलों से खचाखच भरा हुआ था। तनाव बढ़ने पर जज ने हंगामे वाली स्थिति का हवाला देते हुए बिना सुनवाई किए ही कोर्टरूम छोड़ दिया।

CBI जांच की मांग

ED ने कलकत्ता हाई कोर्ट में याचिका दायर कर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, सीनियर पुलिस अधिकारियों और अन्य लोगों की भूमिका की CBI जांच की मांग की है। इन पर आरोप है कि उन्होंने कोलकाता में पॉलिटिकल कंसल्टेंसी फर्म I-PAC और उसके डायरेक्टर के खिलाफ ED की रेड में रुकावट डाली।

डिजिटल डिवाइस, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड और स्टोरेज मीडिया

समाचार एजेंसी PTI ने फेडरल जांच एजेंसी की रिट याचिका देखी है, जिसमें उसने तलाशी वाली जगह से गैर-कानूनी और जबरदस्ती ले जाए गए सभी डिजिटल डिवाइस, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड, स्टोरेज मीडिया और डॉक्यूमेंट्स को तुरंत जब्त करने, सील करने, फोरेंसिक जांच करने और ED की कानूनी हिरासत में वापस देने की भी मांग की है।

जानिए पूरा मामला

कलकत्ता हाई कोर्ट ने गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा एक दिन पहले राजनीतिक परामर्श फर्म इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (I-PAC) के परिसर और इसके सह-संस्थापक प्रतीक जैन के आवास पर की गई छापेमारी से संबंधित याचिकाओं की सुनवाई स्थगित कर दी थी। तृणमूल कांग्रेस (TMC) और प्रवर्तन निदेशालय दोनों ने छापेमारी के संबंध में अलग-अलग याचिकाएं दायर की थी।