पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता का प्रसिद्ध एलन पार्क, जो अब तक केवल दिसंबर के अंत में जगमगाती रोशनियों, क्रिसमस कैरोल्स और नए साल के जश्न के लिए जाना जाता था, इस बार एक ऐतिहासिक बदलाव का साक्षी बनने जा रहा है। पार्क स्ट्रीट का यह प्रतिष्ठित स्थल इस साल पहली बार महाशक्ति की आराधना से सराबोर होगा, जहां भव्य रूप से दुर्गा पूजा महोत्सव आयोजित किया जाएगा।
'सनातनी संघ' का ऐतिहासिक प्रयास, शिव तांडव होगी मुख्य थीम
एलन पार्क में भव्य दुर्गा पूजा करवाने का बीड़ा 'कोलकाता सनातनी संघ' ने उठाया है, जिसके नेतृत्व में भाजपा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल हैं। भाजपा प्रवक्ता शंकु देब पांडा को इस पूजा समिति का अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि भाजपा महासचिव नवीन मिश्रा इसके सचिव हैं। नवीन मिश्रा के अनुसार, एलन पार्क में पूजा आयोजित करने का विचार वर्ष 2015 से ही उनके मन में था। कोलकाता सनातनी संघ के अध्यक्ष शंकु देब पांडा ने बताया कि इस पहले आयोजन की थीम भगवान शिव के अलौकिक नृत्यों—'शिव तांडव' पर आधारित होगी। इस ऐतिहासिक दुर्गोत्सव का औपचारिक उद्घाटन 11 अक्टूबर को मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी द्वारा किया जाएगा। चतुर्थी से लेकर विजया दशमी तक प्रतिदिन शाम को भव्य महा आरती होगी। इसके अलावा पारंपरिक सांस्कृतिक कार्यक्रम और विशाल महाप्रसाद वितरण का आयोजन भी किया जाएगा।
वर्ष 2007 में एलन पार्क से मशहूर 'पार्क स्ट्रीट कार्निवल' की शुरुआत हुई थी। इसके बाद 2011 में राज्य सरकार ने इस आयोजन की बागडोर संभाली और इसे 'क्रिसमस फेस्टिवल' का नाम दिया। दशकों से दिसंबर में जगमगाने वाला यह पार्क अब अक्टूबर के त्योहारी सीजन में भी आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेगा। पहली बार हो रहे इस आयोजन को लेकर पुलिस प्रशासन ने भी तैयारियां शुरू कर दी हैं। एलन पार्क जैसे व्यस्त इलाके में दुर्गा पूजा के कारण भारी जनसैलाब उमड़ने की संभावना है, जिसे देखते हुए क्राउड मैनेजमेंट (भीड़ नियंत्रण) को मुख्य चुनौती माना जा रहा है।
दुर्गा पूजा को लेकर राज्य सरकार के कड़े निर्देश
आगामी दुर्गोत्सव को शांतिपूर्ण और सुचारु रूप से संपन्न कराने के लिए पश्चिम बंगाल सरकार ने कई अहम फैसले लिए हैं-
महा अष्टमी के पावन अवसर पर राज्यभर में शराब की सभी दुकानें और बार पूरी तरह बंद रहेंगे। पूजा पंडालों और विसर्जन यात्रा के दौरान डीजे (DJ) बजाने पर पूरी तरह से रोक रहेगी। राज्यभर की सभी पंजीकृत पूजा समितियों के लिए बिजली बिल में शत-प्रतिशत छूट देने की घोषणा भी राज्य सरकार द्वारा की गई है।
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