नई दिल्ली: लोकसभा सचिवालय ने पश्चिम बंगाल में भाजपा सांसद खगेन मुर्मू पर हुए हमले के संबंध में केंद्रीय गृह मंत्रालय से तीन दिन के भीतर एक तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी है। मुर्मू और भाजपा विधायक शंकर घोष सोमवार को पश्चिम बंगाल के उत्तरी भाग में बाढ़ और भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र के दौरे पर थे। इस दौरान वे भीड़ के हमले में घायल हो गए थे। संसद के अधिकारियों ने बताया कि लोकसभा सचिवालय ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर पश्चिम बंगाल सरकार से इस मामले में तीन दिन के भीतर एक ‘तथ्यात्मक नोट’ भेजने को कहा है। मालदा से लोकसभा सदस्य मुर्मू पर यह हमला जलपाईगुड़ी के दुआर्स क्षेत्र में बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्यों का जायजा लेने के दौरान हुआ।
पीएम मोदी ने घटना की निंदा की
पश्चिम बंगाल में हुई इस घटना की पीएम मोदी ने निंदा की है। उन्होंने X पर लिखा- "जिस तरह से पश्चिम बंगाल में बाढ़ और भूस्खलन से प्रभावित लोगों की सेवा करने के लिए एक मौजूदा सांसद और विधायक सहित हमारी पार्टी के सहयोगियों पर हमला किया गया, वह बिल्कुल भयावह है। यह टीएमसी की असंवेदनशीलता के साथ-साथ राज्य में बिल्कुल दयनीय कानून व्यवस्था की स्थिति को उजागर करता है। काश पश्चिम बंगाल सरकार और टीएमसी ऐसी चुनौतीपूर्ण स्थिति में हिंसा में शामिल होने के बजाय लोगों की मदद करने पर अधिक ध्यान केंद्रित करती। मैं भाजपा कार्यकर्ताओं से लोगों के बीच काम करना जारी रखने और चल रहे बचाव कार्यों में सहायता करने का आह्वान करता हूं।"
अमित मालवीय ने क्या लिखा
बीजेपी आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने X पर एक पोस्ट में लिखा है, ''बंगाल में टीएमसी का जंगलराज!उत्तरी मालदा से दो बार सांसद रहे और एक सम्मानित आदिवासी नेता, भाजपा सांसद खगेन मुर्मू पर टीएमसी के गुंडों ने उस समय हमला किया जब वे जलपाईगुड़ी के दुआर्स क्षेत्र के नागराकाटा में विनाशकारी बारिश, बाढ़ और भूस्खलन के बाद राहत और बचाव कार्यों में मदद करने जा रहे थे।''