पूर्व बर्धमान जिले में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नेता मृण्मय घोष की गिरफ्तारी के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। तोलाबाजी और हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मामलों में गिरफ्तार किए गए नेता को जब अदालत ले जाया गया, तो वहां मौजूद लोगों ने उनके खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अंडे भी फेंके। हालांकि, मृण्मय घोष ने सभी आरोपों को सिरे से नकार दिया और खुद को निर्दोष बताया है। जानिए क्या है पूरा मामला।
तोलाबाजी, हत्या के प्रयास समेत कई मामलों में गिरफ्तारी
पश्चिम बंगाल के पूर्व बर्धमान जिला स्थित मेमारी में तृणमूल कांग्रेस के प्रभावशाली नेता तथा मेमारी-1 ब्लॉक पंचायत समिति के शिक्षा कर्माध्यक्ष मृण्मय घोष को मेमारी थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उनके खिलाफ तोलाबाजी (वसूली) और हत्या के प्रयास (अटेम्प्ट टू मर्डर) सहित कई गंभीर आरोप दर्ज होने की जानकारी मिली है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, दर्ज शिकायतों के आधार पर मृण्मय घोष को गिरफ्तार किया गया। शनिवार को गिरफ्तारी के बाद जब उन्हें अदालत में पेश करने के लिए ले जाया जा रहा था, तब अदालत परिसर के बाहर तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई। वहां मौजूद कुछ लोगों ने उनके खिलाफ 'चोर-चोर' के नारे लगाए। इस दौरान आक्रोशित लोगों द्वारा उन पर अंडे फेंके जाने की भी जानकारी सामने आई है।
नेता ने सभी आरोपों को बताया राजनीतिक साजिश
मामले में गिरफ्तारी के बाद अदालत ले जाते समय पत्रकारों से बातचीत में मृण्मय घोष ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने दावा किया कि उन्हें राजनीतिक उद्देश्य से झूठे मामले में फंसाया गया है और वह निर्दोष हैं। उनका आरोप है कि राजनीतिक प्रतिशोध के तहत उनकी गिरफ्तारी की गई है।
फिलहाल पुलिस इस मामले की जांच में जुटी है और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
(रिपोर्ट- संतोष कुमार मंडल)
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