कोलकाता: तृणमूल सांसद अभिषेक बनर्जी की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। अब त्रिपुरा कोर्ट ने तृणमूल सांसद अभिषेक बनर्जी को समन नोटिस जारी किया है। यह नोटिस खोवाई कोर्ट ने त्रिपुरा के खोवाई पुलिस स्टेशन पर एक पुराने प्रोटेस्ट के सिलसिले में भेजा था, जिसे अलीपुर कोर्ट के जरिए अभिषेक बनर्जी के कालीघाट वाले घर पर पहुंचाया गया।
अभिषेक बनर्जी के खिलाफ 2021 में त्रिपुरा के खोवाई पुलिस स्टेशन पर प्रोटेस्ट करने के लिए केस दर्ज किया गया था। खोवाई कोर्ट ने उसी केस के आधार पर उनके खिलाफ यह समन जारी किया है।
हालही में सीआईडी पहुंची थी अभिषेक के घर
गौरतलब है कि इससे पहले अभिषेक बनर्जी के घर पर CID पहुंची थी। दरअसल सीआईडी हस्ताक्षर जालसाजी मामले की जांच कर रही है, ऐसे में CID के जांचकर्ताओं ने कालीघाट इलाके में स्थित अभिषेक बनर्जी के आवास का रुख किया था। जांच एजेंसी ने अभिषेक बनर्जी के आवास पर 48 घंटे से कुछ अधिक समय में दूसरी बार ये रुख किया तो सियासी गलियारों में हड़कंप मच गया था। हालांकि तब अभिषेक बनर्जी ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए जांच एजेंसी से पेशी के लिए 15 दिन का समय मांगा था।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बाद से अभिषेक के चल रहे बुरे दिन
गौरतलब है कि जब से पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की हार हुई है, तब से अभिषेक बनर्जी के बुरे दिन चल रहे हैं। पहले उन पर हमला हुआ और अंडे फेंके गए, इसके बाद जांच एजेंसियों ने भी उनके घर पर जाना शुरू कर दिया। तृणमूल कांग्रेस के अंदर भी एक बड़ा खेमा है, जो अभिषेक से नाराज है और पार्टी भी टूटने की कगार पर पहुंच चुकी है।
ऐसा इसलिए है क्योंकि पार्टी के अंदर तीन गुट बनते दिख रहे हैं। एक गुट ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी का है। दूसरा गुट काकोली घोष दस्तगीर की अगुवाई वाले तृणमूल कांग्रेस के सांसदों का है और तीसरा गुट बंगाल विधानसभा में तृणमूल कांग्रेस के विधायकों के नेता ऋतब्रत बनर्जी का है।
अब देखना ये होगा कि पार्टी के अंदर चल रहा कलेश आखिर में किस दिशा में पहुंचता है और इसका सबसे ज्यादा नुकसान अगर किसी को होगा तो ममता बनर्जी को होगा, ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं।