1. Hindi News
  2. एजुकेशन
  3. NCERT किताब विवाद मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, केंद्र सरकार को डोमेन एक्स्पर्ट कमेटी के गठन का दिया आदेश

NCERT किताब विवाद मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, केंद्र सरकार को डोमेन एक्स्पर्ट कमेटी के गठन का दिया आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने NCERT किताब विवाद मामले में केंद्र सरकार को डोमेन एक्स्पर्ट कमेटी के गठन का आदेश दिया है। एक सप्ताह के भीतर डोमेन विशेषज्ञों की एक विशेषज्ञ समिति का गठन करने को कहा गया है।

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को डोमेन एक्स्पर्ट कमेटी के गठन का आदेश दिया।- India TV Hindi
Image Source : PTI (FILE) सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को डोमेन एक्स्पर्ट कमेटी के गठन का आदेश दिया।

सुप्रीम कोर्ट ने NCERT किताब विवाद मामले में केंद्र सरकार को डोमेन एक्स्पर्ट कमेटी के गठन का आदेश दिया है। कमेटी में एक पूर्व जज, एक शिक्षाविद् और एक कानून के बड़े जानकार को रखा जाएगा। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ने कहा, "यदि न्यायपालिका में किसी भी अन्य संस्थान की तरह कमियां हैं और यदि ऐसी कमियों की ओर संकेत किया जाता है, तो यह भविष्य के न्यायाधीशों और वकीलों की मदद करेगा और वर्तमान में शामिल पक्षों को सुधारात्मक कदम उठाने में सहायता करेगा।"  मुख्य न्यायाधीश ने आगे कहा, "एक सप्ताह के भीतर डोमेन विशेषज्ञों की एक विशेषज्ञ समिति का गठन किया जाए और कानूनी अध्ययन पर सामग्री तैयार करने के लिए नेशनल ज्यूडिशियल एकेडमी, भोपाल से भी परामर्श लिया जाए।"

'अगर वे आदेश में संशोधन चाहते हैं तो वे अदालत से संपर्क कर सकते हैं'

सुप्रीम कोर्ट ने विवादास्पद कक्षा 8 की पाठ्यपुस्तक अध्याय में उनकी भूमिका के बाद प्रोफेसर मिशेल डैनिनो, शिक्षक सुपर्णा दिवाकर और कानूनी शोधकर्ता आलोक प्रसन्ना कुमार को स्कूल पाठ्यक्रम तैयार करने में किसी भी भूमिका से बाहर करने का आदेश केंद्र और एनसीईआरटी को दिया है। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि अगर वे आदेश में संशोधन चाहते हैं तो वे अदालत से संपर्क कर सकते हैं। 

'मैं बतौर CJI ऐसे लोगों को छोड़ने वाला नहीं हूं'

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से इस मुद्दे पर न्यायपालिका को बदनाम करने वाले सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफार्मों की पहचान करने और उनके खिलाफ कार्रवाई करने को भी कहा है। सोशल मीडिया पर न्यायपालिका के बारे में अभद्र टिप्पणी करने वालों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कहा, "ऐसे लोगों को सबक सिखाना जरूरी है। मैं बतौर CJI ऐसे लोगों को छोड़ने वाला नहीं हूं। न्यायापालिका को बदनाम करने वालों ने अब तक बिना शर्त माफी मांगी या नहीं ये भी देखना होगा।"

Latest Education News