नई दिल्ली: हाल ही में गुजरात के अमरेली में आई भयानक बाढ़ में 10 शेरो की मौत हो गई थी लेकिन मानो ईश्वर ने अपनी कृपा अमरेली और जूनागढ़ पर की है। जहाँ एक साथ 10 शेरो की मौत हो गई थी वहीं पर शेर के 11 बच्चो ने जन्म लिया है। एक ही शेर द्वारा 4 शेरनियों ने 11 बच्चो को जन्म दिया है। गीर फारेस्ट के पारजिया, खुतली पांचाली और दुधाडा इलाके में शेर अपना साम्राज्य स्थापित कर रहे है सासण गीर के जंगलो में शेर के 11 बच्चो के जन्म से ख़ुशी की लहर फ़ैल गई है। फारेस्ट डिपार्टमेंट को निरिक्षण के दौरान इस बात की जानकारी मिली थी। लिलिया और अमरेली तालुका में शेरो की आबादी में बच्चो की तादात ज्यादा है और उसमे 11 बच्चो के जन्म से बढौती हुई है। अगली स्लाइड में देखे शेरों के नए जन्में बच्चों की तस्वीरें- इन 11 बच्चो को 4 शेरनियों ने मिलकर जन्म दिया है जिसमे 3 शेरनियों ने 3-3 बच्चो को और एक शेरनी ने 2 बच्चो को जन्म दिया है। पिछले 15 दिनों में गीर के पारजिया, खुतली, पांचाली और दुधाडा इलाके में इन बच्चो का जन्म हुआ है। इस इलाके में टीपु और मौलाना नाम के दो शेरो का साम्राज्य था जिसके बाद संदीपन और मनदीपन नाम के दो शेरो का साम्राज्य स्थापित हुआ। बाद में समय के चलते राम और श्याम नाम के दो शेरो ने ढाई साल तक अपना साम्राज्य जमाया जिसके बाद पिछले 8 महीने से इस ग्रुप का बोलबाला है जो अपना साम्राज्य ज़माने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। अगली स्लाइड में देखे शेरों के नए जन्में बच्चों की तस्वीरें- इलाके में दो नर, 9 मादा और 11 बच्चो समेत कुल 22 शेरो का ये परिवार यहाँ पर बसता है। वन विभाग के अनुसार ये परिवार और भी बढ़ सकता है। अगली स्लाइड में देखे शेरों के नए जन्में बच्चों की तस्वीरे- कैसे हुई पिता की पहचान ? वनविभाग के स्टाफ द्वारा जंगल में लगातार ट्रेकिंग चलता है, कौन से इलाके में कौन सा नर कौन सी मादा के साथ रहता है, किसके साथ मेटिंग किया ये सभी चीज़ो का ओब्ज़र्वेशन होता रहता है जिससे ये तय हो पाता है की कौन सा शेर किस शेरनी के बच्चो का पिता है। अगली स्लाइड में देखे शेरो के बच्चो का वीडियो-