दबंगों ने दलित परिवार को जिंदा जलाया, दो की मौत
फरीदाबाद: दबंगों द्वारा कथित रूप से एक दलित परिवार को आज तड़के सोते में जिंदा जला डालने की घटना में दो बच्चों की मौत हो गई जबकि उनके माता पिता गंभीर रूप से झुलस गए।

फरीदाबाद: दबंगों द्वारा कथित रूप से एक दलित परिवार को आज तड़के सोते में जिंदा जला डालने की घटना में दो बच्चों की मौत हो गई जबकि उनके माता पिता गंभीर रूप से झुलस गए। पुलिस ने इस संबंध में 11 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है और दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार घटना दिल्ली के बाहरी इलाके के सुनपेड़ गांव में आज तड़के दो बजे हुई । हमलावरों द्वारा कथित रूप से घर पर पेट्रोल छिड़क कर आग लगाए जाने के बाद ढाई साल के वैभव और उसकी 11 महीने की बहन दिव्या की घटनास्थल पर ही मौत हो गयी । उनकी मां रेखा 70 फीसदी जल गयी जिसे इलाज के लिए दिल्ली ले जाया गया है जबकि उनके पिता जितेन्द्र भी परिवार को बचाने के प्रयास में झुलस गए।
जितेन्द्र सिंह ने आरोप लगाया कि हमलावर राजपूत जाति के थे और अक्तूबर में उनके साथ उसका झगड़ा हुआ था जिसके बाद एक मामला दर्ज कराया गया था। रोते हुए जितेन्द्र ने बताया, जिस समय उन्होंने खिड़की में से पेट्रोल डाला हम सो रहे थे । मुझे पेट्रोल की बदबू आयी और मैंने अपनी पत्नी को जगाने का प्रयास किया लेकिन तब तक आग भड़क गयी। मेरे बच्चे आग में जल गए। उसने बताया, उन्होंने धमकी दी थी कि वे मेरे परिवार को खत्म कर देंगे और यह कि मुझे कभी गांव नहीं लौटना चाहिए...मैं नहीं लौटूंगा लेकिन मुझे मेरे बच्चे लौटा दो।
पुलिस ने मामले में एक पिता-पुत्र सहित 11 अग्यात लोगों के खिलाफ हत्या एवं अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज करके दो लोगों को हिरासत में लिया है। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार देशराज नाम के व्यक्ति की शिकायत पर पुलिस ने गांव सुनपेड निवासी बलवंत व उसके पुत्र धर्म सिंह सहित 11 लोगों के खिलाफ घर में आग लगाने व दो बच्चों की हत्या करने के आरोप में धारा 148, 149, 302, 323, 324 के तहत मामला दर्ज कर दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस ने समूचे गांव में सुरक्षा व्यवस्था कडी कर दी है। वहीं अनुसूचित जाति, जनजाति आयोग : एससीएसटी :के सदस्य ईश्वर सिंह ने पीडित परिवार से मुलाकात करके उन्हें उचित न्याय दिलाने का भरोसा दिलाया। उधर केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने भी इस मामले को लेकर हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर से बातचीत की और प्रदेश में कानून व्यवस्था कडी किए जाने की हिदायत दी। हरियाणा सरकार द्वारा पीडित परिवार को दस लाख रूपए का मुआवजा दिए जाने का भी ऐलान किया गया है। घटना को लेकर राजनैतिक दलों के लोगों का भी आवागमन शुरू हो गया है।
सामाजिक न्याय मंत्रालय ने पीडि़तों के परिवार को मदद का आश्वासन दिया
फरीदाबाद में दो दलित बच्चों को जिंदा जलाए जाने की घटना का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए केन्द्रीय सामाजिक न्याय मंत्री थावरचंद गहलोत ने आज आश्वासन दिया कि हमले में घायल पीडि़तों के अभिभावकों को सभी आवश्यक सहायता मुहैया करायी जाएगी। इस घटना के पीछे जातीय कोण होने की संभावना पर सतर्कता से प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए गहलोत ने कहा कि इस सिलसिले में जांच के बाद ही इसका पता चल सकता है। गहलोत ने कहा, घटना में दो बच्चों की मौत हुई है। उनके पिता खतरे से बाहर हैं। किन्तु मां 75 प्रतिशत झुलस गई है। यह जानकारी हमें मिली है। उन्होंने कहा, हरियाणा सरकार ने उन्हें चिकित्सा उपचार एवं वित्तीय मदद सहित सभी प्रकार की मदद उपलब्ध कराई है। हम इस सिलसिले में हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर से निरंतर संपर्क बनाए हुए हैं।