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छोटा शकील ने रची थी छोटा राजन को मारने की साजिश!

नई दिल्ली: अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम एक बार फिर अपने दुश्मन छोटा राजन को मारने की कोशिश में नाकाम हो गया। खुफिया विभाग ने छोटा शकील के फोन रिकॉर्ड से खुलासा किया है। खुफिया विभाग

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छोटा शकील ने रची थी छोटा राजन को मारने की साजिश!

नई दिल्ली: अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम एक बार फिर अपने दुश्मन छोटा राजन को मारने की कोशिश में नाकाम हो गया। खुफिया विभाग ने छोटा शकील के फोन रिकॉर्ड से खुलासा किया है। खुफिया विभाग ने बताया कि, जब छोटा राजन ऑस्ट्रेलिया में था तब छोटा शकील ने उसके ठिकाने के बारे में पता किया था।

दाऊद के करीबी छोटा शकील ने राजन के एक सहयोगी से मदद लेकर उसे ऑस्ट्रेलिया में मारने की साजिश रची थी लेकिन ऐन वक्त पर राजन को दाऊद के प्लान का पता लग गया और वह वहां से गायब हो गया।

'टाइम्स ऑफ इंडिया' के मुताबिक छोटा शकील ने किस तरह से राजन को मौत के घाट उतारकर दाऊद के सपने को पूरा करना चाहता था। इस जानकारी के आधार पर यह भी पता चलता है कि किसी वक्त डी कंपनी में नंबर 2 रहा राजन कैसे बच निकला।

'टाइम्स ऑफ इंडिया' के मुताबिक इंटरसेप्ट की गई फोन कॉल्स से पता चलता है कि इस साल अप्रैल में कराची से भारत के एक खास हिस्से में बहुत ज्यादा फोन किए गए। ये फोन नेपाल में लिस्टेड WLL नंबर (00971504******) से किए गए थे। आपको बता दें देश की तमाम इंटेलिजेंस एजेंसियां हमेशा दाऊद के खास आदमियों पर निगाह रखती हैं। जिसकी वजह से इन फोन कॉल्स को इंटरसेप्ट किया जा सका।

इसी के चलते वे हिंदू और उर्दू में की जा रही पूरी बात सुन रही थीं। उन्हें पता चला कि किस तरह छोटा शकील छोटा राजन को मारने की योजना बना रहा है और उसके करीबी शख्स को अपनी तरफ मिलाने में कामयाब हो गया है।

इंटरसेप्ट किए गए इन फोन कॉल्स में राजन के खास शख्स को उसका पता बताने के लिए अच्छे इनाम का लालच दिया जा रहा था.  अखबार के मुताबिक डी कंपनी की ओर से फोन कॉल में कहा गया,’’ 'वह हमें बुरा बनाकर खुद देशभक्त बनता फिरता है. पिछली बार हम जरा सा चूक गए थे. बस तुम हमारी मदद करो, हम इस बार कोई गलती नहीं करेंगे.“
 
इसके साथ ही छोटा राजन के सहयोगी को पॉवर की धौंस भी दी गई. फोन पर कहा गया, 'पावर यहां पर है, हमारे पास. वह तो भागता फिरेगा। यकीन मानो.. अगर तुम साथ देते हो तो तुम्हारा पूरा ख्याल रखा जाएगा।' इसके बाद राजन का सहयोगी ज्यादा देर तक अड़ नहीं सका और उसने बता दिया राजन ऑस्ट्रेलिया के न्यूकासल में है।
 
इसके बाद शकीन ने मिडल-ईस्ट के एक देश से तुरंत एक शूटर्स को शकील ने ऑस्ट्रेलिया रवाना कर दिया। लेकिन इस बार भी किस्मत ने शकील का साथ नहीं दिया, क्योंकि राजन के गैंग का रहस्यमी मेंबर भी शकील पर नज़र रख रहा था।
 
उसने राजन को खबर दे दी और वह अंडरग्राउंड हो गया। खबर मिलते ही छोटा राजन ऑस्ट्रेलिया छोड़कर ऐसी जगह चला गया, जिसके बारे उस शख्स को भी नहीं पता था जिसने शकीन को जानकारी दी थी।
 
इस पूरे दटनाक्रम पर जब दाऊद और शकील पर नजर रखे भारतीय खुफिया एजेंसियों के सूत्रों से संपर्क किया गया तो उन्होंने ज्यादा जानकारी देने से इनकार कर दिया। सूत्रों के अनुसार डी कंपनी ने ऑस्ट्रेलिया में राजन को मारने का प्लान बनाया था, मगर वे नाकाम रहे थे।

राजन बढ़ती उम्र के साथ थोड़ा सुस्त पड़ गया है और दाऊद को अब उससे पहले जितना खतरा भी नहीं है। लेकिन उसे मारने को लेकर शकील की बेचैनी बताती है कि डी कंपनी के अंदर उसके लिए कितना गुस्सा है।

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