1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. आज खत्म होगी इरोम शर्मीला की 16 साल से चली आ रही भूख हड़ताल

आज खत्म होगी इरोम शर्मीला की 16 साल से चली आ रही भूख हड़ताल

मणिपुर की लौह महिला इरोम चानू शर्मीला का 16 साल लंबा इंतजार खत्म हुआ। आज सैन्य बल विशेषाधिकार कानून (अफस्पा) केखिलाप अपनी भूख हड़ताल खत्म करेंगे।

irom shrmila- India TV Hindi
irom shrmila

मणिपुर: मणिपुर की लौह महिला इरोम चानू शर्मीला का 16 साल लंबा इंतजार खत्म हुआ। आज सैन्य बल विशेषाधिकार कानून (अफस्पा) केखिलाप अपनी भूख हड़ताल खत्म करेंगे।

आज से 16 साल पहले 5 नवंबर 2000 को इरोम ने आखिरी बार खाने का स्वाद लिया था। इसके पीछे का मुख्य कारण था कि इंफाल के मालोम गांव में 10 लोगों के मारे जाना। साथ ही यह प्रतिज्ञा की थी कि जब तक ये कानून खत्म नहीं हो जाता हैं। तब तक मुंह में अन्न का दाना नहीं डालेगी।

उनके भाई इरोम सिंहजीत ने बताया कि अधिकारों के लिए होने वाले आंदोलनों का चेहरा बन चुकी 44 वर्षीय शर्मीला यहां की स्थानीय अदालत में अपना उपवास खत्म करेंगी। शर्मीला को जीवित रखने के लिए कैदखाने में तब्दील हो चुके अस्पताल में उन्हें साल 2000 से ही नासिका में ट्यूब के जरिए जबरन भोजन दिया जा रहा था।

सिंहजीत ने बताया, कल उन्हें न्यायिक मेजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जाएगा। जब वे उपवास तोड़ लेंगी तो उन्हें न्यायिक हिरासत से रिहा कर दिया जाएगा। पखवाड़े भर पहले उन्होंने उपवास तोड़ने की घोषणा की थी।

इस नई शुरूआत के समय शर्मीला कुनबा लूप के बैनर तले काम करने वाले बड़ी संख्या में उनके समर्थक और महिला कार्यकर्ता मौजूद रहेंगे लेकिन उनकी 84 वर्षीय मां शाखी देवी यहां नहीं होंगी।

सिंहजीत ने बताया, वे शर्मीला से मुलाकात करने वहां नहीं जाऐंगी। वे उनकी जीत का इंतजार कर रही हैं और यह मौका तभी आएगा जब अफस्पा को हटा लिया जाएगा। सिंहजीत कल अदालत परिसर में मौजूद रहेंगे।

शर्मीला के परिजन और समर्थक उनसे 26 जुलाई के बाद से मिल नहीं पाए हैं। इसी दिन उन्होंने उपवास का अंत करने और अफस्पा को हटाने की लड़ाई राजनीति में आकर लड़ने के अपने निर्णय की घोषणा की थी।

उनके भाई ने कहा, रिहा होने के बाद वे कहां जाएंगी, इस बारे में हमें कोई जानकारी नहीं है। अगर वह घर आकर हमारे साथ रहना चाहती हैं तो उनका स्वागत है। लेकिन यह फैसला पूरी तरह से उनका ही होगा।

Latest India News