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Hindi News भारत राष्ट्रीय सबरीमाला विवाद: 68 तीर्थयात्रियों की गिरफ्तारी के बाद पूरे केरल में विरोध-प्रदर्शन, BJP-RSS भी सड़क पर

सबरीमाला विवाद: 68 तीर्थयात्रियों की गिरफ्तारी के बाद पूरे केरल में विरोध-प्रदर्शन, BJP-RSS भी सड़क पर

सबरीमाला में 68 तीर्थयात्रियों को मंदिर परिसर में गिरफ्तार किए जाने के बाद पूरे केरल में विरोध-प्रदर्शन शुरू हो गए हैं।

Protests at Sabarimala, dozens in custody during midnight, BJP observes protests, block vehicles- India TV Hindi Protests at Sabarimala, dozens in custody during midnight, BJP observes protests, block vehicles | PTI

सबरीमाला: सबरीमाला में 68 तीर्थयात्रियों को मंदिर परिसर में गिरफ्तार किए जाने के बाद पूरे केरल में विरोध-प्रदर्शन शुरू हो गए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पुलिस ने इन तीर्थयात्रियों को लागू किए गए आदेशों का पालन न करने को लेकर गिरफ्तार किया है। वहीं, केंद्रीय मंत्री के. जे. अल्फोन्स ने सबरीमाला परिसर को ‘युद्ध क्षेत्र बनाने’ और मंदिर में सुविधाओं की कमी के लिए केरल सरकार की सोमवार को कड़ी आलोचना की। अल्फोंस ने कहा कि मैं यह समझ नहीं पा रहा कि केरल पुलिस ने निषेधाज्ञा क्यों लागू की है।

पूरे केरल में हो रहे हैं प्रदर्शन
लोगों को हिरासत में लेने के खिलाफ पूरे केरल में प्रदर्शन हो रहे हैं। वहीं, भाजपा ने पुलिस की इस कार्रवाई की न्यायिक जांच की मांग भी की है। भगवान अयप्पा मंदिर का गर्भगृह सोमवार सुबह खुला जहां बेहद कम संख्या में श्रद्धालु दर्शन करने पहुंचे। सोमवार तड़के मंदिर परिसर से 68 लोगों को एहतियातन हिरासत में लेकर उन्हें मनियार शिविर लाया गया। गिरफ्तारी की खबर फैलते ही तिरुवनंतपुरम में प्रदर्शनकारी मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन के निवास के पास एकत्र होकर नारे लगाने लगे।

‘श्रद्धालु कोई आतंकवादी नहीं हैं’
सोमवार सुबह निलाक्कल आधार शिविर पहुंचे अल्फोन्स ने कहा, ‘राज्य सरकार ने मंदिर परिसर को युद्ध श्रेत्र में बदल दिया। श्रद्धालु कोई आतंकवादी नहीं हैं, वे बस तीर्थयात्री हैं। सबरीमाला में धारा 144 लगाने की क्या आवश्यकता है?’ अल्फोंस ने कहा, 'मैं यह समझ नहीं पा रहा कि केरल पुलिस ने निषेधाज्ञा क्यों लागू की है। आप यहां बल प्रयोग नहीं कर सकते।' मंत्री ने कहा कि मंदिर परिसर में बुनियादी सुविधाओं की कमी है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने सबरीमाला में बुनियादी सुविधाओं के लिए 100 करोड़ रुपए मुहैया कराए हैं।

पहली बार देखने को मिली ऐसी घटना
सबरीमाला में रविवार को ‘नाम जापम‘ (भगवान अयप्पा का नाम जाप) करते हुए सैकड़ों श्रद्धालुओं के प्रदर्शन करने के मद्देनजर मंत्री यहां पहुंचे। दो महीने तक चलने वाली तीर्थयात्रा के दूसरे दिन ‘सन्निधानम’ के दौरान श्रद्धालुओं ने प्रदर्शन किया, जिस दौरान 68 लोगों को हिरासत में लिया गया। सबरीमाला मंदिर में इस तरह की घटना पहली बार देखने को मिली है। पुलिस अधीक्षक प्रतीश कुमार ने बताया कि रात 10 बजे मंदिर बंद होने के बाद उन लोगों को मंदिर परिसर खाली करने के लिए कहा गया लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया।

मुख्यमंत्री विजयन के आवास पर प्रदर्शन
इसके बाद भाजपा और RSS के कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के आवास पर भी प्रदर्शन किया। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पी. एस. श्रीधरन पिल्लई ने गिरफ्तारी को ‘क्रूर’ करार देते हुए कहा कि उनकी पार्टी मामले में न्यायिक जांच चाहती है।

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