1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या पर आया शेख हसीना का पहला बयान, बोलीं- 'ये वहशी लोग कहां से आए हैं...'

बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या पर आया शेख हसीना का पहला बयान, बोलीं- 'ये वहशी लोग कहां से आए हैं...'

बांग्लादेश में हिंसा और हिंदू युवक की बेरहमी से हत्या पर लगातार हंगामा जारी है। अब इस घटना को लेकर वहां की अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना का पहला बयान सामने आ गया है। आइए जानते हैं कि उन्होंने क्या कहा है।

sheikh hasina bangladesh violence- India TV Hindi
Image Source : PTI बांग्लादेश में हिंसा पर शेख हसीना का बयान।(फाइल फोटो)

बांग्लादेश में हिंदुओं पर हमलों के विरोध में भारत की राजधानी दिल्ली समेत कई शहरों में जबरदस्त प्रदर्शन देखने को मिल रहा है। बांग्लादेश हाई कमीशन के बाहर भी भीड़ ने प्रदर्शन किया है। बता दें कि बांग्लादेश में हाल ही में कट्टरपंथियों ने हिंदू युवक दीपू दास को मारकर जिंदा जला दिया था। अब इस मुद्दे पर बांग्लादेश की अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना का बयान भी सामने आया है। उन्होंने इस घटना की कड़ी निंदा की है।

क्या बोलीं शेख हसीना?

बांग्लादेश में हिंदू युवक दीपू दास की हत्या के विरोध में भारत में शहर-शहर प्रोटेस्ट हो रहा है। इस बीच दीपू दास की हत्या पर बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने ऑडियो बाइट जारी किया है। शेख हसीना ने कहा कि "दीपू दास पर झूठा इल्ज़ाम लगाया गया.. उसने नबी की बेइज्जती की इसका सबूत कोई नहीं दे पाया।" इतना ही नहीं जिस तरह से उसकी हत्या की गई.. उस पर शेख हसीना ने पूछा कि ये वहशी लोग कहां से आए हैं.. क्या ये वही लोग हैं.. जिन्हें उन्होंने खिलाया-पिलाया और पढ़ाया-लिखाया? इतना ही नहीं उन्होंने दीपू दास के परिवार से धैर्य रखने की अपील की और कहा कि जब तक जिंदा हूं तब तक इंसाफ दिलाने का काम करूंगी।

शेख हसीना ने कहा- "दीपू दास पर झूठा इल्ज़ाम लगाया गया। कहा गया कि उसने नबी जी की बेइज्जती की, आज तक कोई वो सबूत नहीं दिखा पाया है। लेकिन उसे पकड़कर इस तरह टॉर्चर किया गया। इस तरह पीटा गया, सिर्फ़ मारा-पीटा ही नहीं, बल्कि उसके पैर बांधकर आग में जला दिया गया। क्या ये इंसान हैं? लोगों ने देखा है कि ये कितने भयानक, घिनौने हैं! ये लोग बांग्लादेश में कहां से आए? मैंने किसे खिलाया-पिलाया और पढ़ाया-लिखाया? मेरे पास उन्हें दिलासा देने के लिए शब्द नहीं हैं। मैं आपका दर्द समझती हूं, कोई भी पिता नहीं चाहता कि अपने बेटे की लाश उठाए। मैं और क्या कह सकती हूं, प्लीज़ सब्र रखें! मैं यहां हूं, जब तक ज़िंदा हूं आपके साथ हूं चाहे कितनी भी दूर क्यों न रहूं..आपको इंसाफ मिलेगा।"

काठमांडू में भी प्रदर्शन

बांग्लादेश में हिंदुओं पर जो अत्याचार हो रहे हैं उसके खिलाफ बांग्लादेश से लेकर भारत तक और दिल्ली से लेकर काठमांडू तक प्रोटेस्ट हो रहे हैं। दिल्ली में प्रदर्शनकारियों को बांग्लादेशी हाईकमीशन तक जाने से पहले ही रोक लिया गया। उन्हें हिरासत में लिया गया और बसों में भरकर ले जाया गया लेकिन प्रदर्शनकारियों का कहना है कि ये तो अभी झांकी है, अगर युनूस सरकार ने दीपू दास के हत्यारों को सजा नहीं दी तो इससे बड़ा आंदोलन होगा।

ये भी पढ़ें- बांग्लादेश में हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की हत्या का अमेरिकी सांसदों ने किया विरोध, बोले- 'दोषियों को मिले कड़ी सजा'

दिल्ली में बांग्लादेश हाई कमीशन के बाहर प्रदर्शन, हिंदू युवक की हत्या का विरोध, भीड़ ने बैरिकेडिंग हटाने की कोशिश की

Latest India News