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BJP शुरू करेगी 'श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान', पंजाब, यूपी समेत कई राज्यों में कैसे मिल सकता है फायदा?

भारतीय जनता पार्टी 'श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान' शुरू कर रही है। ये अभियान पंजाब, यूपी समेत कई राज्यों में भाजपा को फायदा पहुंचा सकता है। आइए जानते हैं कैसे।

BJP Sant ravidas campaign- India TV Hindi
Image Source : PTI/INDIA TV बीजेपी का ‘श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान’।

भाजपा 29 जुलाई 2026 से 20 फरवरी 2027 (संत रविदास जयंती) तक 'श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान' चलाएगी। अभियान की शुरुआत वाराणसी स्थित सीर गोवर्धनपुर, संत रविदास की जन्मस्थली, से होगी। इस अभियान के शुभारंभ कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शामिल होंगे। अभियान के दौरान जन्मस्थली की पवित्र मिट्टी को कलशों में भरकर देश के विभिन्न राज्यों में ले जाया जाएगा।

अभियान में क्या कुछ होगा?

'श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान' के तहत देशभर में समरसता सभाएं, पदयात्राएं, संत रविदास के विचारों पर आधारित कार्यक्रम और सामाजिक संवाद आयोजित किए जाएंगे। पार्टी का कहना है कि अभियान का उद्देश्य सामाजिक समरसता, समानता और संत रविदास के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना है। राजनीतिक रूप से इसे दलित समाज के बीच संगठन की पहुंच मजबूत करने और आगामी चुनावों से पहले सामाजिक संपर्क बढ़ाने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। आपको बता दें कि पंजाब और उत्तर प्रदेश में साल 2027 की शुरुआत में चुनाव होने हैं। भाजपा ने हाल ही में केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू को केंद्रीय मंत्री के पद से मुक्त कर के पंजाब भेजा है।

रविदास समाज का चुनावी प्रभाव

  • पंजाब में रविदासिया/आदधर्मी समुदाय का सबसे अधिक प्रभाव माना जाता है। राज्य की लगभग 32% आबादी अनुसूचित जाति की है और दोआबा क्षेत्र (जालंधर, होशियारपुर, कपूरथला, नवांशहर/शहीद भगत सिंह नगर) में रविदासिया समाज निर्णायक प्रभाव रखता है।
  • पंजाब की करीब 20–25 विधानसभा सीटों पर रविदासिया मतदाता जीत-हार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
  • उत्तर प्रदेश में संत रविदास की जन्मस्थली वाराणसी होने के कारण पूर्वांचल में उनका विशेष प्रभाव है। रविदास समुदाय का प्रभाव पूर्वी और मध्य यूपी की लगभग 60–80 विधानसभा सीटों पर माना जाता है।
  • दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, हरियाणा, उत्तराखंड और छत्तीसगढ़ में भी रविदास समाज कई विधानसभा क्षेत्रों में प्रभावशाली मतदाता समूह माना जाता है।
  • देशभर में रविदास परंपरा को मानने वाले और रविदास समुदाय से जुड़े मतदाताओं की संख्या कई करोड़ मानी जाती है ।

सांसद तरूण चुघ ने दी जानकारी

भाजपा सांसद तरूण चुघ ने इस अभियान को लेकर बताया- "भाजपा ने संत गुरु रविदास जी के 650वें जन्म दिवस को समरसता संकल्प अभियान के रूप में मनाने का फैसला किया है। पवित्र गुरु पूर्णिमा के दिन, यानी 29 जुलाई 2026 से शुरू होकर 20 फरवरी 2027, यानी गुरु रविदास जी की जयंती तक, लगभग सात माह तक एक राष्ट्रीय अभियान "संत गुरु रविदास जी महाराज समरसता संकल्प अभियान" के नाम से चलाया जाएगा।"

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