मुंबई: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य के किसानों के लिए बड़े राहत का ऐलान किया है। राज्य में अक्टूबर से दिसंबर 2025 के दौरान हुई बेमौसम बारिश से प्रभावित 1 लाख 80 हजार 574 किसानों को 128 करोड़ 65 लाख रुपये की सहायता प्रदान की गई है। यह जानकारी आज मंत्रिमंडल की बैठक में दी गई। बता दें कि इस बैठक की अध्यक्षता राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने की है।
किसानों को कितना नुकसान हुआ?
अक्टूबर से दिसंबर 2025 के दौरान हुई बेमौसम बारिश से राज्य में लगभग 1 लाख 14 हजार 752 हेक्टेयर कृषि क्षेत्र प्रभावित हुआ। इससे 1 लाख 80 हजार 574 किसानों की फसल और कृषि उत्पादन को नुकसान पहुंचा। इस नुकसान की भरपाई के लिए 128.86 करोड़ रुपये की सहायता दी गई। यह नुकसान मुख्य रूप से चंद्रपुर, धुले, गढ़चिरौली, जलगांव, नाशिक, रायगढ़ और सिंधुदुर्ग जिलों में हुआ।
जनवरी से मार्च 2026 के बीच हुई बेमौसम बारिश से कुल 1,45,606 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित हुआ और 2,33,890 किसानों को नुकसान हुआ। इस दौरान केला, प्याज, पपीता, आम, अंगूर, गेहूं, चना, ज्वार जैसी फसलें प्रभावित हुईं। प्रमुख रूप से लातूर, सोलापुर, नाशिक, सातारा, धुले, नंदुरबार, यवतमाल, अहिल्यानगर, पुणे, जालना, छत्रपति संभाजीनगर, बुलढाणा और बीड जिलों में नुकसान दर्ज किया गया।
5 लोगों की मौत हुई
इस बेमौसम बारिश के कारण 5 लोगों की मृत्यु हुई तथा 9 लोग घायल हुए हैं। साथ ही 36 पशुओं की भी मौत हुई है। अप्रैल 2026 में हुई बारिश से भी प्रारंभिक अनुमान के अनुसार 1,94,329 किसानों की 1,22,993 हेक्टेयर भूमि प्रभावित हुई है। जनवरी से हुए नुकसान के पंचनामे की प्रक्रिया जारी है।
इस बीच, जुलाई 2022 से जलसंपदा विभाग के 41 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं, जिससे लगभग 105 टीएमसी जल भंडारण क्षमता तैयार हुई है। इन परियोजनाओं से 2.95 लाख हेक्टेयर अतिरिक्त सिंचाई क्षमता विकसित हुई है। जुलाई 2022 से अब तक 225 परियोजनाओं को संशोधित व प्रशासनिक मंजूरी दी गई है, जिनकी कुल लागत 4.35 लाख करोड़ रुपये है। इन सभी परियोजनाओं के पूर्ण होने के बाद राज्य में 33.45 लाख हेक्टेयर सिंचाई क्षमता विकसित होने की संभावना है।