A
  1. Hindi News
  2. नॉर्थ ईस्ट
  3. मणिपुर
  4. मणिपुर हिंसा की दूसरी बरसी, कई इलाकों में बुलाया गया बंद; मारे गए लोगों को किया याद

मणिपुर हिंसा की दूसरी बरसी, कई इलाकों में बुलाया गया बंद; मारे गए लोगों को किया याद

मणिपुर हिंसा के दो साल पूरे होने पर विभिन्न संगठनों ने बंद का आह्वान किया है। इस दौरान कई इलाकों में बंद का व्यापक असर देखने को मिला। किसी अप्रिय घटना से बचने के लिए सुरक्षा बलों को भी तैनात किया गया है।

बंद के बीच सड़कों पर पसरा सन्नाटा।- India TV Hindi
Image Source : ANI बंद के बीच सड़कों पर पसरा सन्नाटा।

इंफाल: मणिपुर में दो गुटों के बीच शुरू हुए संघर्ष के दो साल पूरे हो गए हैं। ऐसे में इस हिंसा के दौरान मारे गए लोगों को याद करते हुए बंद बुलाया गया। इस बंद का असर मणिपुर के कई इलाकों में देखने को मिला। बंद के दौरान कई जगहों पर सड़कें सूनी दिखीं। वहीं स्कूल और कार्यालय भी बंद दिखे। इलाके में पुलिस बल को भी तैनात किया गया है। बता दें कि बीते दो सालों से मणिपुर में कुकी और मेइती समुहों के बीच संघर्ष जारी है। इस संघर्ष के दौरान कई सौ लोगों की जान भी जा चुकी है। 

विभिन्न संगठनों ने बुलाया बंद

दरअसल, मणिपुर में जातीय संघर्ष के दो साल पूरे हो गए हैं। हिंसा की दूसरी बरसी पर विभिन्न समूहों ने शनिवार को बंद का आह्वान किया था। ‘मणिपुर अखंडता पर मैतेई समूह समन्वय समिति’ (COCOMI) ने घाटी के जिलों में बंद का आह्वान किया। वहीं ‘जोमी छात्र संघ’ (ZSF) और कुकी छात्र संगठन (KSO) ने भी पहाड़ी जिलों में बंद आयोजित किया। वहीं शनिवार को मणिपुर के कई इलाकों में बंद का असर भी देखने को मिला। इसमें मेइती नियंत्रित इंफाल घाटी और कुकी बहुल पहाड़ी जिलों में सामान्य जनजीवन काफी प्रभावित हुआ। मणिपुर में बंद के दौरान विभिन्न इलाकों में बाजार बंद दिखे। इसके अलावा सार्वजनिक वाहन, स्कूल-कॉलेज और अन्य संस्थान भी बंद दिखे। 

आयोजित किए जाएंगे कार्यक्रम

हिंसा में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देने के लिए इंफाल में मोमबत्ती जुलूस भी निकाला जाएगा। इसके अलावा चुराचांदपुर और कांगपोकपी में कुकी समुदाय अलग क्षेत्र की मांग को लेकर ‘डे ऑफ सेपरेशन’ मना रहे हैं। COCOMI इंफाल के खुमान लम्पक स्टेडियम में ‘मणिपुर पीपुल्स कन्वेंशन’ आयोजित करेगा। इसने लोगों से बड़ी संख्या में जनसभा में शामिल होने का आग्रह किया है। किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए सभी प्रमुख स्थानों पर सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है। 

हिंसा में सैकड़ों लोगों की मौत

अधिकारियों के मुताबिक, साल 2023 में इसी दिन मेइती और कुकी समुदाय के बीच हिंसा की शुरुआत हुई। इस हिंसा में 260 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं, जबकि करीब 1500 लोग घायल हो गए। इसके अलावा इस हिंसा के बाद से 70 हजार से अधिक लोगों को घर छोड़कर दूसरी जगहों पर विस्थापित होना पड़ा। (इनपुट- पीटीआई)

यह भी पढ़ें- 

पूर्व सीएम चन्नी ने सर्जिकल स्ट्राइक पर फिर उठाए सवाल, BJP ने घेरा तो देने लगे सफाई; जानें क्या बोले

'कब शुरू होगा, कब खत्म होगा और कब लागू होगा?' जाति जनगणना पर ओवैसी ने केंद्र से पूछा सवाल