17 सितंबर 2026 को सूर्य देव राशि परिवर्तन करने जा रहे हैं। गुरुवार को सुबह 7 बजकर 52 मिनट पर सूर्य कन्या राशि में प्रवेश करेंगे। 17 अक्टूबर की शाम 7 बजकर 50 मिनट तक सूर्य देव कन्या राशि में ही विराजमान रहेंगे। ज्योतिषों के अनुसार, सूर्य जब भी राशि परिवर्तन करते हैं तब इसका प्रभाव सभी 12 राशियों पर पड़ता है। सूर्य गोचर जहां कुछ राशि के जातकों को लाभ दिलाएगा वहीं इन राशि वालों की परेशानी में इजाफा होगा। सूर्य गोचर का इन राशि के जातकों को आर्थिक हानि के साथ उनके जीवन पर भी नकारात्मक असर पड़ेगा। तो आइए जानते हैं कि अगले 30 महीने किन्हें अधिक सावधान रहने की जरूरत है।
मेष राशि
सूर्य का गोचर मेष राशि वालों के लिए शुभ नहीं रहेगा। इन्हें अगले 1 महीना विशेष रूप से सतर्क रहने की जरूरत है। जमीन-जायदाद से जुड़े मामलों में अधिक सावधानी बरतनी होगी। इस समय आपके शत्रु आप पर हावी हो सकते हैं तो किसी पर भी आंख मूंदकर भरोसा न करें। इसके साथ ही प्रेम और संतान से संबंधित मामलों में सावधान रहें।
वृषभ राशि
सूर्य देव का राशि परिवर्तन वृषभ राशि के लिए भी अच्छा नहीं माना जा रहा है। इस दौरान आपको अपनी वाणी पर कंट्रोल रखना होगा। खर्चों में बढ़ोतरी हो सकती है इसलिए बजट बनाकर चलें। छात्रों को सफलता पाने के लिए अधिक मेहनत करने की जरूरत है। कार्यक्षेत्र में अपने काम को ध्यान से करें वरना गड़बड़ी हो सकती है।
तुला राशि
सूर्य गोचर तुला राशि वालों के लिए कई तरह की चुनौतियां लेकर आ रहा है। खर्चों में वृद्धि होगी। इस समय उधार देने से बचें वरना पैसा अटक सकता है। स्वास्थ्य के प्रति भी बिल्कुल लापरवाही न बरतें। अगले एक महीने बिना जरूरी के यात्रा न करें। तनाव और थकान बढ़ सकता है इसलिए अपने स्वास्थ्य पर ध्यान दें। दांपत्य जीवन में अनबन हो सकती है।
कुंभ राशि
कुंभ राशि वालों के कारोबारियों के लिए अगला एक महीना ठीक नहीं रहेगा। व्यापार में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। इस समय किसी भी तरह के निवेश करने से बचें या विशेषज्ञ की सलाह लेकर ही कहीं पैसा लगाएं। स्वास्थ्य का विशेषरूप से ध्यान रखें। वैवाहिक जीवन में वाद-विवाद से रिश्ते खराब हो सकते हैं इसलिए इन सब से दूर रहें।
सूर्य देव को प्रसन्न करने के लिए करें ये उपाय
- नियमित रूप से सूर्य देव को अर्घ्य दें और 'ॐ सूर्याय नमः' मंत्र का 108 बार जाप करें।
- प्रतिदिन सुबह तांबे के लोटे में जल, लाल फूल और अक्षत मिलाकर सूर्य देव को जल अर्पित करें।
- रोजाना सूर्य चालीसा का पाठ करें।
- रविवार के दिन गरीब और जरूरतमंद लोगों को लाल वस्त्र और गेहूं का दान करें।
- रोजाना या रविवार को आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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