सिंह राशि में 9 सितंबर की दोपहर को त्रिग्रही योग बनेगा। सूर्य और केतु पहले से ही सिंह राशि में विराजमान हैं और 9 सितंबर को दोपहर 3 बजकर 15 मिनट पर चंद्रमा भी सिंह राशि में प्रवेश कर जाएंगे। चंद्रमा के गोचर करते ही सूर्य, केतु और चंद्र के बीच त्रिग्रही योग का निर्माण होगा। इस योग के चलते कुछ राशियों को आर्थिक लाभ और करियर के क्षेत्र में उन्नति मिल सकती है। आइए जान लेते हैं इन राशियों के बारे में।
मेष राशि
त्रिग्रही योग के चलते मेष वालों को आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। अगर पैसा कहीं फंसा हुआ था तो उसके भी वापस मिलने के आसार हैं। इसके साथ ही कुछ लोगों को करियर में पदोन्नति और धन लाभ प्राप्त हो सकता है। आपके काम करने की गति से वरिष्ठ अधिकारी खुश हो सकते हैं और आपकी सराहना कर सकते हैं। त्रिग्रही योग के चलते मेष राशि के विद्यार्थियों को भी सुखद परिणाम मिल सकते हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं में इस राशि के जातकों को सफलता मिलने के योग हैं। सेहत में भी अच्छे बदलाव आ सकते हैं।
कर्क राशि
कर्क वालों त्रिग्रही योग आपकी राशि से द्वितीय भाव में बनेगा। ज्योतिष में दूसरा भाव धन और वाणी का कारक होता है। इसलिए त्रिग्रही योग के चलते आपको आर्थिक लाभ मिल सकता है। निवेश किया था तो अच्छा रिटर्न मिल सकता है। वहीं जो लोग सेल्स, राजनीति और मीडिया के क्षेत्र में हैं उन्हें बड़ी उपलब्धि मिलने के योग हैं। अपनी वाणी के दम पर आप कार्यक्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना सकते हैं। इस राशि के जो जातक पैतृक कारोबार कर रहे हैं उन्हें अचानक से बड़ी डील मिल सकती है। प्रेम संबंधों के लिए भी त्रिग्रही योग शुभ साबित हो सकता है।
तुला राशि
तुला राशि वालों त्रिग्रही योग का निर्माण आपकी राशि से एकादश भाव में होगा जोकि लाभ का भाव कहा जाता है। त्रिग्रही योग के चलते धन से जुड़ी समस्याओं से आपको छुटकारा मिल सकता है। जो लोग शेयर बाजार में पैसा लगाते हैं उन्हें मुनाफा मिलने के योग हैं। इसके साथ ही बिजनेस करने वाले इस राशि के जातकों को भी मुनाफा मिल सकता है। आपके रुके हुए कार्यों को गति मिल सकती है। इस राशि के कुछ लोगों को सरकारी क्षेत्र में नौकरी मिलने के भी आसार हैं। काम के सिलसिले में की गई यात्राएं शुभ फलदायी साबित हो सकती हैं।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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