1. Hindi News
  2. वायरल न्‍यूज
  3. 'पत्नी को घर के काम के लिए सैलरी देनी शुरू की', शख्स की इस बात पर छिड़ा विवाद; वायरल हो रही पोस्ट

'पत्नी को घर के काम के लिए सैलरी देनी शुरू की', शख्स की इस बात पर छिड़ा विवाद; वायरल हो रही पोस्ट

सोशल मीडिया पर इन​ दिनों एक पोस्ट काफी वायरल हो रही है। इसमें एक शख्स ने दावा किया है कि उसके भाई ने अपनी पत्नी को घर के काम के लिए सैलरी देनी शुरू की। इस पर अब विवाद छिड़ गया है।

पति ने पत्नी को दी...- India TV Hindi
Image Source : PEXELS पति ने पत्नी को दी सैलरी।

रेडिट पर छिड़ी बहस एक सरकारी अधिकारी द्वारा अपनी गृहिणी पत्नी को घर के कामकाज के बदले हर महीने निश्चित वेतन’ देने की वायरल पोस्ट ने सोशल मीडिया पर तीखी चर्चा छेड़ दी है। रेडिट पर एक यूजर द्वारा साझा किए गए इस मामले में पति घरेलू श्रम को मान्यता देते हुए पत्नी को वित्तीय स्वतंत्रता देने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन कई लोगों ने इसे विवाह को लेन-देन जैसा बनाने वाला बताया है। 

रेडिट पर शेयर की गई पोस्ट 

इस पोस्ट को रेडिट पर @TwentiesIndia नामक कम्युनिटी पेज से शेयर किया गया है। इसमें एक यूजर ने बताया कि उनके बड़े भाई सरकारी अधिकारी हैं और उनकी पत्नी गृहिणी हैं। पत्नी खाना बनाना, सफाई और घर के रोजमर्रा के काम संभालती हैं। पति किराने का सामान, बिल और अन्य घरेलू खर्च अलग से वहन करते हैं। इसके अलावा, वे पत्नी को हर महीने एक निश्चित राशि देते हैं, जिसे पूरी तरह से उनका अपना माना जाता है। पत्नी इसे बचा सकती हैं, खुद पर खर्च कर सकती हैं या अपने माता-पिता को भेज सकती हैं, बिना पति से अनुमति लिए।  

Image Source : Reddit/@TwentiesIndia रेडिट पर वायरल पोस्ट।

शख्स ने समझाया भाई का तर्क 

यूजर ने भाई के तर्क को समझाते हुए लिखा, “वे इसे पत्नी का कर्तव्य नहीं मानते कि सब कुछ मुफ्त में किया जाए। उनका लॉजिक यह है कि अगर नौकरानी, कुक या होम मैनेजर रखे तो बाजार दर पर पैसे देने पड़ते। तो सिर्फ इसलिए कि पत्नी कर रही है, श्रम की कीमत शून्य क्यों हो जाए?” उन्होंने स्पष्ट किया कि यह बॉस-कर्मचारी वाला रिश्ता नहीं है। दोनों खुद को बराबर के पार्टनर मानते हैं। भारतीय परिवारों में आमतौर पर जॉइंट अकाउंट या जरूरत पड़ने पर पैसे देने का चलन होता है, इसलिए यह व्यवस्था अलग लगती है। 

सोशल मीडिया पर समर्थन में आए लोग

इस पोस्ट ने मिश्रित प्रतिक्रियाएं पैदा कीं। कई यूजर्स ने सराहना की। कुछ ने इसे वित्तीय स्वतंत्रता का अच्छा तरीका बताया, खासकर जब गृहिणियों को छोटी-मोटी जरूरतों के लिए भी पैसे मांगने पड़ते हैं। एक ने कहा, “कम से कम घरेलू काम को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा। घर का काम असली काम है। पत्नी को अपना पैसा होने से आत्मविश्वास मिलता है।” 
दूसरे ने लिखा, “घर के काम की कोई छुट्टी नहीं होती। मां बैंक का काम, स्कूल की जिम्मेदारियां और परिवार प्रबंधन सब करती थीं, फिर भी वेतन शून्य।” 

कई लोगों ने किया विरोध

वहीं, आलोचकों ने सवाल उठाए। कुछ का मानना है कि पैसे लगाने से रिश्ता लेन-देन जैसा हो जाता है। एक यूजर ने कहा कि 'पैसा करियर से मिलने वाली स्वतंत्रता और अवसरों की जगह नहीं ले सकता। गृहिणी अभी भी पति पर आर्थिक रूप से निर्भर रहती है। कई परिवारों में पिता की पूरी सैलरी मां के अकाउंट में जमा होती है और फैसले साथ लिए जाते हैं, जो बेहतर मॉडल हो सकता है।'

डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।
   
ये भी पढ़ें -

न्यूयॉर्क में रहने के लिए कितना पैसा चाहिए? अमेरिकी कपल ने रिवील किया हर महीने का खर्च; Video