1. Hindi News
  2. बिहार
  3. बेटे की सांसों के लिए मां ने दांव पर लगा दी अपनी जान, सांप ने डसा तो मुंह से जहर चूसकर निकाला; दोनों की हालत गंभीर

बेटे की सांसों के लिए मां ने दांव पर लगा दी अपनी जान, सांप ने डसा तो मुंह से जहर चूसकर निकाला; दोनों की हालत गंभीर

बिहार के पूर्णिया में एक मां ने अपने 18 साल के बेटे की जान बचाने के लिए अपनी जान तक दांव पर लगा दी। यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि मां की ममता हर भय, हर दर्द और हर खतरे से बड़ी होती है। अपने बच्चे की जिंदगी बचाने के लिए वह अपनी जान की भी परवाह नहीं करती।

बेटे की सांसों के लिए...- India TV Hindi
Image Source : PEXELS बेटे की सांसों के लिए मां ने दांव पर लगा दी अपनी जान (प्रतीकात्मक तस्वीर)

पूर्णिया (बिहार): कहते हैं कि मां अपने बच्चे के लिए हर दर्द सह सकती है। बच्चे पर कोई आफत आए तो एक मां किसी से भी टकरा सकती है। मां की ममता के आगे काल भी हार जाता है। मुंबईया फिल्मों में आपने प्रेमिका को सांप डसने के बाद प्रेमी द्वारा खून चूस कर उसे जीवनदान देते हुए अक्सर देखा होगा। लेकिन सीमांचल की एक मां ने अपने 18 साल के बेटे की जान बचाने के लिए अपना जीवन दांव पर लगा दिया जिसके बाद इस साहसी मां के जज्बे को सभी नमन कर रहे हैं।

जहरीले सांप के डसने के बाद मां ने बिना अपनी परवाह किए बेटे के जख्म पर चीरा लगाया और अपने मुंह से लगातार जहर चूसकर बाहर निकालने की कोशिश करती रही। बेटे को बचाने के लिए उसने अपनी जिंदगी की तनिक परवाह नहीं की। इस प्रयास में मां खुद भी गंभीर रूप से बीमार हो गई।

फन फैलाए सांप को देख घबरा गया बेटा

घटना पूर्णिया जिले के रौटा थाना क्षेत्र के बौलान प्याजी गांव की है। शुक्रवार सुबह बौलान निवासी 18 वर्षीय शहजाद आलम, पिता शाह आलम, अपनी मां शहजादी के साथ मवेशियों के लिए चारा लाने गांव के पास स्थित बांध पर गया था। इसी दौरान एक जहरीले सांप ने शहजाद को काट लिया। शुरुआत में उसे इसका अहसास नहीं हुआ, लेकिन कुछ देर बाद पास में फन फैलाए सांप को देखकर वह घबरा गया और उसने अपनी मां को पूरी बात बताई।

Image Source : reporter inputअस्पताल में भर्ती मां-बेटा।

बार-बार मुंह में भरा खून बाहर फेंकती रही मां

बेटे की बात सुनते ही मां शहजादी का कलेजा कांप उठा। बिना एक पल गंवाए उसने अपने पास मौजूद हंसुआ से सांप के काटे हुए स्थान पर हल्का चीरा लगाया और अपने मुंह से लगातार खून और जहर चूसकर बाहर निकालने लगी। वह बार-बार मुंह में भरा खून बाहर फेंकती रही, ताकि बेटे की जान बच सके। उस समय उसके लिए अपनी जिंदगी से ज्यादा अपने बेटे की सांसें मायने रखती थीं। हालांकि इस कोशिश के दौरान कुछ ही देर में मां और बेटे, दोनों की तबीयत बिगड़ने लगी। मां की चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और परिजनों को सूचना दी।

मां-बेटे को देखने अस्पताल पहुंचे गांव वाले

आनन-फानन में दोनों को इलाज के लिए किशनगंज सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। डॉक्टरों की टीम दोनों की जान बचाने के प्रयास में जुट गई। डॉ. कृष्णानंद तीर्थांकर ने बताया कि फिलहाल मां बेटे की स्थिति स्थिर है। यही नहीं अस्पताल में भी मां का पूरा ध्यान अपने इलाज पर नहीं, बल्कि बेटे की सलामती पर था। वह बार-बार डॉक्टरों से अपने बेटे को बचाने की गुहार लगाती रही। यह मार्मिक दृश्य देखकर अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों की आंखें भी नम हो गईं। घटना की खबर गांव में फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण सदर अस्पताल पहुंच गए और मां-बेटे के जल्द स्वस्थ होने की दुआ करने लगे।  

(रिपोर्ट- राजेश दुबे)

यह भी पढ़ें-

पटना में एक ही घर से निकले 40 से अधिक गेहुअन सांप, मच गया हड़कंप, देखें Video

चूहे का शिकार करने गया 5 फीट लंबा कोबरा, खुद पिंजरे में फंस गया; देखें रेस्क्यू का शॉकिंग VIDEO