1. Hindi News
  2. हेल्थ
  3. डेंगू होने पर कैसी होनी चाहिए आपकी डाइट? जानें क्या खाएं और क्या न खाएं?

डेंगू होने पर कैसी होनी चाहिए आपकी डाइट? जानें क्या खाएं और क्या न खाएं?

डेंगू बुखार होने पर आपको अपनी डाइट का ख़ास ध्यान रखना चाहिए। चलिए जानते हैं डाइट में क्या शामिल करना चाहिए और क्या नहीं?

डेंगू बुखार- India TV Hindi
Image Source : FREEPIK डेंगू बुखार

इन दिनों भारत के कई राज्यों में डेंगू के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। इस बीमारी में लोगों को बुखार, मांसपेशियों में दर्द, रैशेज, ठंड के साथ तेज बुखार, थकावट, उल्टी जैसी समस्या होती हैं। कभी-कभी तो डेंगू होने के कारण लोगों की जान भी चली जाती है। ऐसे में इस बीमारी के दौरान मरीज को अपने खान-पान का खासतौर पर ध्यान रखना चाहिए। आइए जानते हैं कि डेंगू के बुखार में इसके मरीजों को क्या खाना चाहिए और क्या नहीं।

डेंगू होने पर इन चीजों का करें सेवन:

  • पपीता खाएं: पपीता खाने से प्लेटलेट्स काउंट बढ़ता है इसलिए डेंगू के मरीजों को पपीता खाने की सलाह दी जाती है। पपीते को आप दोपहर के समय खा सकते हैं। ध्यान रहे कि इसका सेवन आप रात में ना करें।

  • दही का सेवन करें: दही से कमजोरी दूर होती है। डेंगू के मरीज अपनी डाइट में खिचड़ी या अन्य हल्के-फुल्के आहार के साथ दही खा सकते हैं। लेकिन रात के समय आप दही न खाएं।

  • अंडे खाएं: डेंगू वाले मरीज अंडा खा सकते हैं, लेकिन उसके अंदर का पीला हिस्सा निकाल दें। अंडे के पीले वाले हिस्से में प्रोटीन की मात्रा ज़्यादा होती है, जिसे पचाने में दिक्कत हो सकती है।

  • बकरी का दूध: हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, बकरी के दूध में विटामिन और मिनिरल्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। इसलिए डेंगू से बचने के लिए बकरी का दूध बेहतरीन विकल्प में से एक है। साथ ही इसे पचाना काफी आसान होता है। 

  • नारियल पानी: नारियल का पानी डेंगू के मरीजों के लिए ये बहुत ज़्यादा फायदेमंद है। इसमें मिनरल्स और इलेक्ट्रोलाइट्स जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। डेंगू के बुखार में ज्यादा से ज्यादा नारियल का पानी पियें। इससे आपके ब्लड सेल्स की संख्या तेजी से बढ़ती है।

डेंगू होने पर भी न खाएं ये चीजें:

डेंगू बुखार में मसालेदार, तले हुए और बहुत तेल वाले खाद्य पदार्थों से बचें क्योंकि ये पाचन में मुश्किल कर सकते हैं और पेट में जलन पैदा कर सकते हैं। कैफीन और शराब का सेवन बिल्कुल न करें, क्योंकि ये शरीर को निर्जलित कर सकते हैं और रिकवरी प्रक्रिया में बाधा डाल सकते हैं। गहरे रंग के खाद्य पदार्थों और पेय पदार्थों से भी दूर रहना चाहिए, क्योंकि इनसे मल या उल्टी का रंग बदलकर खून जैसा लग सकता है, जिससे डॉक्टर के लिए समस्या की पहचान करना मुश्किल हो सकता है। 

Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)

Latest Health News