मैग्नीशियम स्वस्थ शरीर के लिए महत्वपूर्ण मिनिरल है, जो मांसपेशियों, हृदय गति को स्थिर रखने, हड्डियों को मजबूत बनाने, रक्त शर्करा के स्तर को नियंत्रित करने और ऊर्जा उत्पादन में सहायक है। यानी शरीर में मौजूद मैग्नीशियम कोई साधारण मिनिरल नहीं है। यह शरीर के कई कार्यों में मदद करता है और समग्र स्वास्थ्य को बनाए रखने में मदद करता है। चलिए जानते हैं मैग्नीशियम शरीर के लिए कितना ज़रूरी है और मैग्नीशियम की कमी से क्या होता है?
मैग्नीशियम की कमी से क्या होता है?
मैग्नीशियम की कमी से मांसपेशी ऐंठन, थकान, दिल की अनियमित धड़कन, उच्च रक्तचाप, चिंता, अवसाद और नींद संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। गंभीर मामलों में, दौरे पड़ सकते हैं, और हड्डियों का घनत्व कम हो सकता है, जिससे ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा, यह रक्त में कैल्शियम और पोटेशियम के स्तर को भी प्रभावित कर सकता है।
मैग्नीशियम से मिलते हैं कौन से फायदे?
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बेहतर नींद: मैग्नीशियम शरीर में न्यूरोट्रांसमीटर जैसे GABA, को नियंत्रित करने में मदद करता है, जो तंत्रिका तंत्र को शांत करने में मदद करता है। पर्याप्त मैग्नीशियम नींद की गुणवत्ता में सुधार कर सकता है, जिससे जल्दी और गहरी नींद आती है।
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हृदय स्वास्थ्य में सुधार: स्वस्थ हृदय गति को बनाए रखने में मैग्नीशियम महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह रक्तचाप के स्तर को नियंत्रित करने, हृदय की मांसपेशियों के कार्य को सहारा देने के जोखिम को कम करने में मदद करता है।
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हड्डियों के स्वास्थ्य में सुधार: शरीर के लगभग 60% मैग्नीशियम हड्डियों में जमा होता है। मैग्नीशियम, कैल्शियम और विटामिन डी के साथ मिलकर हड्डियों के स्वास्थ्य को बनाए रखने और ऑस्टियोपोरोसिस को रोकने का काम करता है। हड्डियों के घनत्व को बनाए रखने के लिए पर्याप्त मात्रा में मैग्नीशियम का सेवन करना चाहिए।
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मानसिक स्वास्थ्य में सुधार: मैग्नीशियम मस्तिष्क के कार्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। मैग्नीशियम का कम स्तर तनाव, चिंता और अवसाद का कारण बन सकता है। पर्याप्त मैग्नीशियम स्तर मूड को स्थिर करने और शांत रखने में मदद कर सकता है।
Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)
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