1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. हिमाचल में कुदरत का कहर, भारी बारिश के चलते 400 सड़कें हुईं बंद, इन मार्गों से टूटा संपर्क

हिमाचल में कुदरत का कहर, भारी बारिश के चलते 400 सड़कें हुईं बंद, इन मार्गों से टूटा संपर्क

हिमाचल के कई हिस्से में हुई भारी बारिश की वजह से कई जगहों पर भूस्खलन हुआ, जिससे राज्य में तीन राष्ट्रीय राजमार्गों समेत करीब 400 सड़कें बंद हो गईं।

हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश का कहर- India TV Hindi
Image Source : PTI हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश का कहर

हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों में सोमवार को हुई भारी बारिश ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। इस बारिश के कारण कई जगहों पर भूस्खलन हुआ, जिससे राज्य में तीन राष्ट्रीय राजमार्गों समेत करीब 400 सड़कें बंद हो गईं। हालांकि, अधिकारियों ने राहत की बात यह बताई है कि अब तक किसी भी जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है।

प्रमुख सड़कें और मार्ग हुए प्रभावित

  1. सतलुज नदी के कटाव और भूस्खलन के कारण शिमला जिले के सुन्नी इलाके में तत्ती-पानी के पास शिमला-मंडी सड़क बंद कर दी गई है। सड़क की चौड़ाई कम होकर 1.5 मीटर हो गई है, जिसके कारण सड़क वाहनों की आवाजाही के लिए खतरनाक हो गई है।
  2. थाली पुल से होकर जाने वाला वैकल्पिक मार्ग भी बंद है, जिससे करसोग का शिमला से संपर्क टूट गया है।
  3. कुल्लू जिले में पागल नाला के पास ऑत-लरगी-सैन्ज सड़क पर भारी भूस्खलन के बाद लगभग 15 गांवों का सड़क संपर्क टूट गया।

कहां कितनी हुई बारिश?

  1. रविवार शाम से धौलाकुआं में 113 मिमी, जोत में 70.8 मिमी, मालरांव में 70 मिमी और पालमपुर में 58.7 मिमी की भारी बारिश दर्ज की गई है। 
  2. अन्य प्रभावित इलाकों में जत्तन बैराज (49.4 मिमी), पांवटा साहिब (40.6 मिमी), मुरारी देवी (33 मिमी), गोहर (32 मिमी) और नाहन (30.1 मिमी) शामिल हैं।
  3. सुंदरनगर और मुरारी देवी में गरज-चमक के साथ बारिश हुई, जबकि ताबो, रिकांगपिओ और कुफरी में 37 से 44 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं।

यहां की सड़कें हुईं बंद

राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) के अनुसार, कुल 400 सड़कों को बंद कर दिया गया है। इनमें राष्ट्रीय राजमार्ग 3 (मंडी-धरमपुर मार्ग), राष्ट्रीय राजमार्ग 305 (औट-सैंज मार्ग) और राष्ट्रीय राजमार्ग 505 (खाब से ग्रामफू) शामिल हैं। बंद हुई सड़कों में से सबसे ज्यादा सड़कें मंडी (192) और कुल्लू (86) जिलों में हैं।

भारी बारिश के कारण 883 बिजली आपूर्ति ट्रांसफार्मर और 122 जलापूर्ति योजनाएं भी बाधित हुई हैं, जिससे लोगों को परेशानी हो रही है।

मौसम का अलर्ट जारी 

स्थानीय मौसम विभाग ने 21 अगस्त को छोड़कर 24 अगस्त तक राज्य में अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश का ‘येलो’ अलर्ट जारी किया है। 

अधिकारियों के अनुसार, हिमाचल प्रदेश में 20 जून को मानसून की शुरुआत के बाद से अब तक बारिश से जुड़ी घटनाओं के कारण राज्य को कुल 2,173 करोड़ रुपये की संपत्ति नुकसान हुआ है। इस दौरान, 74 अचानक बाढ़, 36 बादल फटने और 66 बड़े भूस्खलन की घटनाओं में 136 लोगों की मौत हो गई और 37 लोग लापता हैं। (इनपुट- भाषा)

ये भी पढ़ें-

पटना में फिर बवाल, शिक्षक बहाली के ऐलान से नाराज छात्रों के प्रदर्शन पर पुलिस ने बरसाई लाठियां; देखें VIDEO

छुट्टी पर आए कांस्टेबल ने उठाया खौफनाक कदम, पत्नी और बेटे पर तलवार से हमला कर ट्रेन के आगे कूदा

Latest India News