Jharkhand Mining Scam: झारखंड के बहुचर्चित माइनिंग स्कैम में ED ने रांची स्थित स्पेशल PMLA (प्रिवेंशन ऑफ मनी लांड्रिंग एक्ट) कोर्ट में लगभग पांच हजार पन्नों में चार्जशीट दाखिल की है। इस मामले में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र बरहेट स्थित उनके प्रतिनिधि पंकज मिश्र, कारोबारी बच्चू यादव और दाहू यादव मुख्य आरोपी हैं। सूत्रों के अनुसार, ED ने इस चार्जशीट में झारखंड के साहिबगंज इलाके में 100 करोड़ से भी ज्यादा के अवैध खनन और मनी लांड्रिंग से जुड़े सबूत दिए हैं। इसमें उनके राजनीतिक कनेक्शन और इस अवैध धंधे में उन्हें मदद करने वाले अफसरों की भूमिका के बारे में भी विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई है। संभावना जताई जा रही है कि इस चार्जशीट में जिन राजनेताओं और अफसरों के नाम आए हैं, ED निकट भविष्य में उन्हें भी पूछताछ के लिए बुला सकती है।
अवैध खनन की वजह के कई पहाड़ तक गायब हुए
ED ने अवैध खनन के जरिए मनी लांड्रिंग को साबित करने के लिए साहिबगंज जिले के पहाड़ों और खनन क्षेत्रों की सैटेलाइट मैपिंग भी कराई है। इसमें इसरो के वैज्ञानिकों की भी मदद ली गई। सूत्रों के मुताबिक चार्जशीट में इसका जिक्र किया गया है कि साहिबगंज के इलाकों में अवैध खनन की वजह के कई पहाड़ तक गायब हो चुके हैं। पहाड़ों पर अवैध खनन करके पत्थरों को बेच दिया गया और इसके जरिए करोड़ों रुपए की मनी लॉन्ड्रिंग की गई।
मामले में ED ने हेमंत सोरेन के विधायक प्रतिनिधि को बताया किंगपिन
चार्जशीट में अवैध के किंगपिन के तौर पर सीएम हेमंत सोरेन के विधायक प्रतिनिधि पंकज मिश्रा, आरोपी बच्चू यादव और दाहू यादव की भूमिका के बारे में कई तरह के ब्योरे दिये गये हैं। यह भी बताया गया है कि इन तीनों के बीच करीबी रिश्ते रहे हैं। अवैध खनन का पूरा नेटवर्क पंकज मिश्रा के इशारे पर चल रहा था। उसके कहने पर बाहुबली बच्चू यादव और दाहू यादव साहिबगंज इलाके में गंगा किनारे चलने वाले जहाज का टेंडर मैनेज करना और सरकारी अफसरों को डराने का काम करते थे।
ED ने झारखंड माइनिंग स्कैम मामले में कार्रवाई की
गौरतलब है कि ED ने अवैध खनन से जुड़े मामले में कार्रवाई करते हुए इसी वर्ष आठ जुलाई को साहिबगंज, बरहेट, राजमहल, मिर्जा चौकी और बड़हरवा में 19 ठिकानों पर छापेमारी की थी। इस दौरान 5.34 करोड़ रुपए नगद और कई दस्तावेज बरामद किए थे। बाद में आरोपियों के हुए 37 बैंक खातों में जमा 11.87 करोड़ रुपए भी जब्त किए गए थे। इसके बाद पंकज मिश्र को ईडी ने बीते 19 जुलाई को लंबी पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया था। तब से वह जेल में है। इसी तरह बच्चू यादव को बीते 4 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था, जबकि तीसरा अहम आरोपी दाहू यादव फरार बताया जा रहा है। दाहू यादव को ED ने कई बार समन भेजा है, लेकिन वह आज तक हाजिर नहीं हुआ। उसकी तलाश में कई बार छापेमारी भी की गई है।
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