1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. शेयरहोल्डरों को नेट प्रॉफिट के 75% से ज्यादा डिविडेंड नहीं देंगे बैंक, RBI ने लिमिट फिक्स करने का रखा प्रस्ताव

शेयरहोल्डरों को नेट प्रॉफिट के 75% से ज्यादा डिविडेंड नहीं देंगे बैंक, RBI ने लिमिट फिक्स करने का रखा प्रस्ताव

भारतीय रिजर्व बैंक ने इस ड्राफ्ट में कहा कि डिविडेंड देने से पहले बैंक के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स को लॉन्ग टर्म ग्रोथ प्लान और पूंजी की स्थिति को ध्यान में रखना होगा।

dividend, banks dividend, rbi dividend cap, rbi dividend limit for banks, shareholders- India TV Hindi
Image Source : PTI बैंकों को लॉन्ग टर्म ग्रोथ प्लान और पूंजी की स्थिति का रखना होगा खास ध्यान

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने मंगलवार को बैंकों द्वारा शेयरहोल्डरों को दिए जाने वाले डिविडेंड की लिमिट फिक्स करने का प्रस्ताव रखा। इसके तहत कोई भी बैंक अपने नेट प्रॉफिट के 75 प्रतिशत से ज्यादा डिविडेंड नहीं दे पाएगा। रिजर्व बैंक 'डिविडेंड' को इक्विटी शेयरों पर देय राशि के रूप में परिभाषित करता है और इसमें अंतरिम डिविडेंड शामिल है। लेकिन स्थायी गैर-संचयी तरजीही शेयरों पर दिया जाने वाला डिविडेंड शामिल नहीं है। प्रस्तावित नियम सभी भारतीय बैंकों पर लागू होगा, जबकि क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक और स्थानीय क्षेत्रीय बैंकों के लिए ये लिमिट 80 प्रतिशत होगी।

लॉन्ग टर्म ग्रोथ प्लान और पूंजी की स्थिति का रखना होगा खास ध्यान

भारतीय रिजर्व बैंक ने इस ड्राफ्ट में कहा कि डिविडेंड देने से पहले बैंक के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स को लॉन्ग टर्म ग्रोथ प्लान और पूंजी की स्थिति को ध्यान में रखना होगा। इसके अलावा बैंक जिस अवधि के लिए डिविडेंड देने का प्रस्ताव रख रहा है, उस दौरान बैंक के नेट प्रॉफिट का पॉजिटिव होना जरूरी है। आरबीआई ने अपने प्रस्ताव में साफ किया है कि भारत में ब्रांच खोलने वाले विदेशी बैंकों के लिए भी यही नियम लागू होगा, यानी विदेशी बैंक भी अपने शेयरहोल्डरों को नेट प्रॉफिट के 75 प्रतिशत से ज्यादा डिविडेंड नहीं देंगे। ये बैंक सिर्फ पॉजिटिव नेट प्रॉफिट वाली अवधि के लिए ही अपने हेडक्वार्टर को प्रॉफिट भेज सकते हैं।

नियम न मानने वाले बैंक के खिलाफ कार्रवाई करेगा आरबीआई

इसके साथ ही आरबीआई ने कहा है कि अगर कोई बैंक कानून, नियम या दिशानिर्देशों का पालन नहीं करता है तो डिविडेंड डिस्ट्रिब्यूशन या प्रॉफिट भेजने पर प्रतिबंध लगाने का अधिकार सुरक्षित रहेगा। रिजर्व बैंक ने इस ड्राफ्ट प्रस्ताव पर जनता और बैंकों से 5 फरवरी तक सुझाव मांगे हैं। बताते चलें कि भारतीय शेयर बाजार में लिस्ट तमाम बैंक कुछ ही दिनों में चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही के नतीजे जारी करना शुरू कर देंगे और इसी के साथ वे अपने शेयरहोल्डरों के लिए डिविडेंड की भी घोषणा करेंगे।

Latest Business News