हस्तरेखा विज्ञान अनुसार हथेली पर रेखाओं के साथ-साथ कई प्रकार के शुभ-अशुभ चिन्ह भी बने होते हैं, जिनका विशेष महत्व माना जाता है। आज हम आपको एक ऐसे शुभ चिन्ह के बारे में बताएंगे जो भाग्यशाली लोगों के हाथों में देखने को मिलता है। ये है यव का चिन्ह। क्या आपने कभी अपने हाथ के अंगूठे पर आंख जैसी आकृति बनी देखी है? हस्तरेखा विज्ञान और सामुद्रिक शास्त्र में इसे बेहद शुभ आकृति माना जाता है, इसे ही यव का चिन्ह कहा जाता है। कहते हैं जिस व्यक्ति के अंगूठे पर ये आकृति या चिन्ह स्पष्ट रूप से बना दिखाई देता है, ऐसा व्यक्ति किस्मत का बेहद धनी होता है। चलिए जानते हैं यव का निशान क्या संकेत देता है।
Image Source : india tvयव का निशान
अंगूठे पर ऐसा यव चिन्ह होना शुभ
- हस्तरेखा विज्ञान अनुसार, यव चिन्ह को ज्ञान, सम्मान, धन और सफलता का प्रतीक माना गया है। कहते हैं जिनके हाथ में स्पष्ट और बड़ा यव का चिन्ह होता है, ऐसे लोग मेहनती और लक्ष्य के प्रति केंद्रित होते हैं। ऐसे लोग अपनी मेहनत के दम पर सफलता हासिल करते हैं और समाज में खूब सम्मान पाते हैं।
- यदि अंगूठे के पर्व पर यव चिन्ह के साथ दूसरे पर्व पर तीन सीधी रेखाएं भी हों, तो ऐसा व्यक्ति अपार संपत्ति बनाने वाला होता है। ऐसे लोग व्यवसाय, निवेश और प्रॉपर्टी के क्षेत्र में खूब सफलता पाते हैं।
- यदि पहले और दूसरे पर्व के बीच अतिरिक्त रेखा के साथ कई यव चिन्ह बन रहे हों, तो ऐसे लोग जीवन में राजयोग का सुख भोगते हैं। इन्हें लाइफ में धन-धान्य की कभी कमी नहीं होती।
- यदि यव चिन्ह अंगूठे की पहली संधि पर बना हो, तो ऐसे व्यक्ति का वैवाहिक जीवन सुखमय रहता है। इन लोगों को करियर में खूब उन्नति मिलने की संभावना रहती है।
सामान्य फल देने वाला यव चिन्ह
- यदि यव चिन्ह आकार में छोटा हो या संधि के दाएं या फिर बाएं भाग में दिखाई दे, तो ऐसे व्यक्ति को जीवन में सफलता तो मिलती है, लेकिन उसे अपनी सफलता से संतुष्टी प्राप्त नहीं होती। इन लोगों में थोड़ा आलस भी देखा जाता है।
- यदि हाथ में यव चिन्ह अधूरा बना हुआ दिखाई दे रहा है तो ऐसे लोगों के कार्य बनते-बनते बिगड़ जाते हैं। साथ ही इन लोगों का पैसा फालतू की चीजों में खूब खर्च होता है।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
यह भी पढ़ें:
विरासत में मिलेगी प्रॉपर्टी या अपने दम पर बनेगा सपनों का घर? कुंडली के चौथे भाव में छिपा है जवाब