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अब एआई देने लगा इंसानों को नौकरी, लॉन्च हुई ऐसी वेबसाइट जहां AI एजेंट्स कर रहे हायरिंग

अब एआई इंसानों को किराए पर ले सकते हैं और इसके लिए बाकायदा एक वेबसाइट आ चुकी है जहां इंसानों को अपने स्किल्स के आधार पर काम मिल सकता है, जानिए क्या है ये-

RentAHuman.ai- India TV Hindi
Image Source : RENTAHUMAN.AI इंसानों को किराए पर लेने वाली एआई वेबसाइट

AI New Development: आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस से जुड़े बदलाव बहुत तेजी से हो रहे हैं और ये इंसानों की सोच से भी आगे जाकर बहुत तेजी से विस्तार कर रहे हैं। AI पहले से ही लोगों को ईमेल लिखने, कार्यक्रम बनाने, डॉक्यूमेंट्स की समरी तैयार करने और यहां तक ​​कि वीडियो बनाने में मदद कर रही है। लेकिन जब AI को फिजिकल दुनिया में कुछ ऐसा काम करवाना हो जो वह खुद नहीं कर सकती तो क्या वो खुद इंसानों को इस काम के लिए हायर करेगी? आपको ये सोच बहुत आगे की लग सकती है लेकिन ऐसा हो रहा है और RentAHuman.ai नामक एक नया प्लेटफॉर्म आ चुका है जहां AI एजेंट डिलीवरी, छोटे-मोटे काम और मीटिंग जैसे फिजिकल कामों के लिए इंसानों को किराए पर लेने की सुविधा दे रहा है। आइए जानते हैं यह कैसे काम करता है।

किसने शुरू की ये सर्विस

UMA प्रोटोकॉल के क्रिप्टो इंजीनियर एलेक्जेंडर लाइटप्लो की ओर से शुरू की गई यह सर्विस एक नया विचार पेश करती है।AI एजेंटों को रियल वर्ल्ड के कामों को पूरा करने के लिए इंसानों को नियुक्त करने की अनुमति देना। यानी अब इंसान ही केवल एआई को इस्तेमाल नहीं कर रहे, एआई भी इंसान को हायर कर सकता है। इस वेबसाइट का स्लोगन है कि "रोबोट्स को आपके शरीर की जरूरत है क्योंकि वो घास को नहीं छू सकते हैं"

RentAHuman.ai क्या है?

RentAHuman.ai एक ऐसा बाज़ार है जहां AI सिस्टम उन कामों के लिए इंसानों को खोज और किराए पर ले सकते हैं जिनमें फिजिकल उपस्थिति जरूरी होती है। पैकेज डिलीवर करने, किराने का सामान लाने, किसी को कहीं ले जाने या पालतू जानवर को खाना खिलाने जैसे काम काफी प्रेक्टिकल हैं। कुछ लिस्टिंग में साथ देने या बस किसी से बात करने जैसी पर्सनल जरूरतें भी शामिल हैं। लॉन्च के तुरंत बाद ही इस प्लेटफॉर्म ने काफी ध्यान खींचा है, खबरों के मुताबिक हजारों लोगों ने साइन अप किया है और दर्जनों AI एजेंट इससे जुड़ चुके हैं। लॉन्च होने के बाद शुरुआती दिनों में ही इसे तगड़ा रिस्पॉन्स मिला है और 15 लाख 67 हजार से ज्यादा साइट विजिट हो चुकी हैं।

प्लेटफॉर्म कैसे काम करता है?

इसे मुमकिन बनाने के लिए डेवलपर्स को सबसे पहले मॉडल कॉन्टेक्स्ट प्रोटोकॉल (MCP) का इस्तेमाल करके अपने AI एजेंटों को इंटीग्रेट करना होगा। यह एक ऐसा तरीका है जो एजेंटों को बाहरी प्लेटफॉर्म और डेटा सोर्स से जुड़ने की सुविधा देता है। इसका प्रोसेस सीधा है जैसे लोग प्रोफाइल बना सकते हैं, अपने स्किल बता सकते हैं, भाषाएं चुन सकते हैं, सर्विस एरिया तय कर सकते हैं और प्रति घंटा दर तय कर सकते हैं। इसमें पेमेंट एथेरियम वॉलेट के जरिए किया जाता है, हालांकि इस वेबसाइट के क्रिएटर ने साफ किया है कि प्लेटफॉर्म किसी भी क्रिप्टोकरेंसी से जुड़ा नहीं है।

खबरों के मुताबिक प्रति घंटा पेमेंट लगभग 50 डॉलर से 69 डॉलर के बीच होता है। दिलचस्प बात यह है कि इस प्लेटफॉर्म पर पहले से ही स्टार्टअप अधिकारियों और कंटेंट क्रिएटर्स सहित कई तरह के यूजर्स मौजूद हैं जो दिखाता है कि इस विचार के प्रति लोगों की उत्सुकता तेजी से फैल रही है।

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