उत्तर प्रदेश में मॉनसूनी बारिश लोगों पर कहर बनकर टूट रही है। राज्य के 21 जिले बाढ़ से प्रभावित है। बारिश की वजह से 11 जिलों में स्कूल बंद करने का आदेश दिया गया है। IMD ने आज भी 46 जिलों में भीषण बारिश का अलर्ट जारी किया है। बारिश से सबसे ज्यादा तबाही संगमनगरी प्रयागराज में हुई है जहां हजारों लोगों के घरों में बाढ़ का पानी भर गया है। गंगा किनारे बसे ज्यातर इलाके पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं। जहां तक नजर जा रही है घर और इमारतें डूबी हुई नजर आ रही है।
Image Source : ptiप्रयागराज में बाजार डूबा।
तस्वीरों में दिखी बाढ़ की भयावहता
संगम नगरी में गंगा और यमुना दोनों नदियां उफान पर हैं। संगम के जिस क्षेत्र में जनवरी में माह में दिव्य और भव्य महाकुंभ का आयोजन हुआ था, वहां समुद्र नजर आ रहा है। ड्रोन कैमरे से ली गई तस्वीरों में बाढ़ की भयावहता साफ नजर आ रही है। ड्रोन कैमरे की तस्वीरों में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि संगम का पूरा क्षेत्र जलमग्न हो चुका है। मठ, मंदिर, आश्रम, झोपड़िया, दुकान और आरती स्थल जलमग्न हो चुका है।
Image Source : ptiप्रयागराज में बाढ़ का कहर।
उफान पर हैं गंगा-यमुना
प्रयागराज में गंगा-यमुना की बाढ़ ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। इस बार यह त्रासदी जमीन के साथ-साथ आसमान से भी देखी जा रही है। ड्रोन कैमरों से सामने आई तस्वीरें स्थिति की गंभीरता को दर्शाती हैं।
Image Source : ptiप्रयागराज में बाढ़।
ड्रोन से लिए गए वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि गंगा-यमुना के तटवर्ती इलाके जलमग्न हो चुके हैं। खेत, सड़कें, स्कूल और घर सभी पानी में डूबे हुए हैं। गंगा घाटों पर केवल मंदिरों के ऊपरी हिस्से ही नजर आ रहे हैं।
Image Source : ptiघरों में भरा पानी।
सड़कों पर चल रही नाव
बाढ़ से पूरे जिले में हाहाकार मचा हुआ है। संगम नगरी के कई इलाके पानी से लबालब है। लोगों को राहत पहुंचाने के लिए शहर में नाव चल रही है। घरों में पानी भर जाने की वजह से लोग सुरक्षित जगहों की ओर पलायन कर रहे है। NDRF और SDRF टीमें लगातार राहत और बचाव कार्यों में जुटी हुई हैं। डीएम मनीष वर्मा भी दूसरे आला अधिकारियों के साथ ग्राउंड जीरो पर उतरकर मोर्चा संभाले हुए हैं।
देखें वीडियो-